Career in Statistics: सांख्यिकी क्या है, क्या है इसका महत्व और इससे जुड़े प्रमुख संस्थान, जहां से कर सकते हैं सांख्यिकी में पढ़ाई
Career in Statistics: सामान्य तौर पर सांख्यिकी गणित का वह हिस्सा है, जिसमें डेटा यानी आंकड़ों का संग्रहण, प्रदर्शन, वर्गीकरण और उसके गुणों का आकलन का अध्ययन किया जाता है।
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आम आदमी से लेकर खास आदमी तक के जीवन में सांख्यिकी का महत्व किसी से छिपा नहीं है। यह रोजमर्रा की जिंदगी की वह सबसे अहम चीज है, जिस पर पूरे घर, परिवार, समाज, राज्य और देश का बजट निर्धारित होता है। इसलिए, इसके बारे में संपूर्ण न सही, लेकिन थोड़ी बहुत जानकारी और समझ सभी को होनी चाहिए। सामान्य तौर पर सांख्यिकी गणित का वह हिस्सा है, जिसमें डेटा यानी आंकड़ों का संग्रहण, प्रदर्शन, वर्गीकरण और उसके गुणों का आकलन का अध्ययन किया जाता है। सांख्यिकी एक गणितीय विज्ञान है, जिसमें किसी वस्तु/ अवयव /तंत्र / समुदाय से संबंधित आकड़ों का संग्रहण, विश्लेषण, स्पष्टीकरण या व्याख्या और प्रस्तुति की जाती है।
हालांकि, सांख्यिकी का उपयोग केवल उन्हीं अध्ययनों में किया जा सकता है, जिनमें तथ्यों को संख्याओं के रूप में प्रदर्शित करना होता है। सांख्यिकी के तीन प्रकार होते हैं। इनमें वर्णनात्मक यानी गुणात्मक, संख्यात्मक यानी अंकात्मक और गुणात्मक वर्गीकरण आदि हैं। सांख्यिकी सरकार की आर्थिक योजनाओं और नीतियों को बनाने में मदद करती है। यह तथ्यों को सटीक और निश्चित रूप में प्रस्तुत करती है। सांख्यिकी स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है और सामाजिक सर्वेक्षण करने में मदद करती है। यह भी गणित का एक अनिवार्य हिस्सा है। इससे आंकड़ों का तुलनात्मक अध्ययन भी आसान होता है।
सांख्यिकी क्षेत्र में प्रमुख कोर्स
| पाठ्यक्रम | योग्यता एवं अवधि |
| बीए सांख्यिकी | यह तीन वर्षीय पाठ्यक्रम स्नातक स्तर पर उपलब्ध है। इसमें दाखिले के लिए कक्षा-12वीं में पास होना जरूरी है। |
| बीएससी सांख्यिकी | यह पाठ्यक्रम भी तीन वर्षीय स्नातक कार्यक्रम है। इसमें दाखिले के लिए कक्षा-12वीं में गणित विज्ञान संकाय होना जरूरी है। |
| एमए सांख्यिकी | यह स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम दो वर्ष की अवधि का है। इसमें स्नातक के बाद प्रवेश लिया जा सकता है। |
| एमएससी सांख्यिकी | यह स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम दो वर्ष की अवधि का है। इसमें बीएससी के बाद प्रवेश लिया जा सकता है। |
| सांख्यिकी में मास्टर ऑफ फिलॉसफी | एमए या एमएससी सांख्यिकी के इसमें प्रवेश लिया जा सकता है। यह पाठ्यक्रम दो वर्ष की अवधि का रहता है। |
| सांख्यिकी में पीएचडी | एमए या एमएससी या एमफिल सांख्यिकी में करने के बाद सांख्यिकी में पीएचडी की जा सकती है। इसकी न्यूनतम अवधि दो वर्ष की होती है। |
इन संस्थानों से की जा सकती है सांख्यिकी की पढ़ाई
- भारतीय सांख्यिकी संस्थान, नई दिल्ली
- भारतीय सांख्यिकी संस्थान, वडोदरा
- भारतीय सांख्यिकी संस्थान, बेंगलुरु
- भारतीय सांख्यिकी संस्थान, कोलकाता
- सीआर राव उन्नत सांख्यिकी संस्थान, हैदराबाद
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