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लाल किले में लाहौर गेट तुड़वाने की हुई थी कोशिश
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नई दिल्ली। 26 जनवरी को लाल किले पर हुई हिंसा के मामले की जांच करते हुए क्राइम ब्रांच की एसआईटी ने खुलासा किया है कि इकबाल सिंह इसका बड़ा साजिशकर्ता था। वह लाल किले से लगातार फेसबुक लाइव कर लोगों को भड़का रहा था। पुलिस को मिले वीडियो से इसका खुलासा हुआ है।
एसआईटी से जुड़े एक अधिकारी ने बताया कि इकबाल सिंह ने लाल किले के अंदर भीड़ को उकसाकर लाहौर गेट तुड़वाने की भी कोशिश की थी। पुलिस ने छानबीन के बाद इकबाल सिंह की गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम रखा है। अब तक आठ आरोपियों की गिरफ्तारी पर इनाम की घोषणा हो चुकी है।
पुलिस को मिले वीडियो में इकबाल सिंह लोगों से लाल किला पहुंचने और वहां धावा बोलने के लिए कहता नजर आ रहा है। वह लगातार फेसबुक लाइव भी कर रहा था। इकबाल के इशारे पर उपद्रवियों ने वहां बलवा किया और लाहौर गेट तोड़ने की कोशिश की।
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जांच के दौरान पता चला है कि हिंसा की साजिश पहले ही रच ली गई थी। अलग-अलग समूहों को लाल किला व आईटीओ पहुंचने के लिए कहा गया था। कुछ खास लोगों को इसकी जिम्मेदारी दी गई। सोशल मीडिया के माध्यम से 15 हैशटैग के जरिये हिंसा को बढ़ावा दिया गया। इसके लिए साजिशकर्ताओं ने अपने अकाउंट इस्तेमाल किए। जांच अधिकारियों का कहना है कि जिन अकाउंट से नफरत फैलाई गई, वे सभी कथित खालिस्तान समर्थक हैं।
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एसआईटी से जुड़े एक अधिकारी ने बताया कि इकबाल सिंह ने लाल किले के अंदर भीड़ को उकसाकर लाहौर गेट तुड़वाने की भी कोशिश की थी। पुलिस ने छानबीन के बाद इकबाल सिंह की गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम रखा है। अब तक आठ आरोपियों की गिरफ्तारी पर इनाम की घोषणा हो चुकी है।
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पुलिस को मिले वीडियो में इकबाल सिंह लोगों से लाल किला पहुंचने और वहां धावा बोलने के लिए कहता नजर आ रहा है। वह लगातार फेसबुक लाइव भी कर रहा था। इकबाल के इशारे पर उपद्रवियों ने वहां बलवा किया और लाहौर गेट तोड़ने की कोशिश की।
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जांच के दौरान पता चला है कि हिंसा की साजिश पहले ही रच ली गई थी। अलग-अलग समूहों को लाल किला व आईटीओ पहुंचने के लिए कहा गया था। कुछ खास लोगों को इसकी जिम्मेदारी दी गई। सोशल मीडिया के माध्यम से 15 हैशटैग के जरिये हिंसा को बढ़ावा दिया गया। इसके लिए साजिशकर्ताओं ने अपने अकाउंट इस्तेमाल किए। जांच अधिकारियों का कहना है कि जिन अकाउंट से नफरत फैलाई गई, वे सभी कथित खालिस्तान समर्थक हैं।