{"_id":"69248c19aa32943566027cc4","slug":"schools-should-identify-stress-in-students-early-ashish-sood-ashram-news-c-340-1-del1011-113843-2025-11-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"छात्रों में तनाव की जल्द पहचान करें स्कूल : आशीष सूद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छात्रों में तनाव की जल्द पहचान करें स्कूल : आशीष सूद
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शिक्षा मंत्री ने छात्र की आत्महत्या मामले में सेंट कोलंबस स्कूल के प्रिंसिपल को लिखा पत्र
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। सेंट कोलंबस स्कूल के दसवीं के छात्र की आत्महत्या के बाद दिल्ली सरकार के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने स्कूल प्रिंसिपल ब्रदर रॉबर्ट फर्नांडीस को कड़े शब्दों में पत्र लिखा है। यह पत्र एक मंत्री होने के नाते नहीं बल्कि अभिभावक होने के नाते लिखा गया है।
उन्होंने ऐसे सपोर्ट सिस्टम की जरूरत पर बल दिया जो रिएक्टिव होने की जगह प्रोएक्टिव हो। उन्होंने कहा आजकल छात्रों पर ज्यादा दबाव होता है। आशीष सूद ने सभी स्कूलों से छात्रों में तनाव की जल्द पहचान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार मेंटल-हेल्थ फ्रेमवर्क, काउंसलिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और टीचर-ट्रेनिंग इनिशिएटिव को मजबूत करने के लिए पब्लिक और प्राइवेट दोनों स्कूलों के साथ मिलकर काम करेगी। उन्होंने स्कूलों से एक दयापूर्ण, भावनात्मक सुरक्षित इकोसिस्टम बनाने की अपील की।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि वह यह पत्र मंत्री के तौर पर नहीं बल्कि अभिभावक के तौर पर लिख रहे हैं। छात्र की आत्महत्या पर दुख जताते हुए उन्होंने कहा कि स्कूलों को बच्चों को सख्ती और नरमी दोनों तरह से पढ़ाया जाना चाहिए। उन्होंने स्कूलों को कहा कि बच्चों की भावात्मक सुरक्षा संबंधी सिस्टम बनाने की जरूरत है। उन्होंने स्कूलों से उम्मीद जताई कि वह मजबूत भावात्मक और साइकोलॉजिकल सपोर्ट सिस्टम तैयार करेंगे, साथ ही मेंटल हेल्थ के मुद्दे पर शिक्षकों का प्रशिक्षण और उन्हें जागरूक किया जाएगा। स्कूलों को बच्चों के कल्याण उनकी खुशियां और उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने पर प्राथमिकता देनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। सेंट कोलंबस स्कूल के दसवीं के छात्र की आत्महत्या के बाद दिल्ली सरकार के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने स्कूल प्रिंसिपल ब्रदर रॉबर्ट फर्नांडीस को कड़े शब्दों में पत्र लिखा है। यह पत्र एक मंत्री होने के नाते नहीं बल्कि अभिभावक होने के नाते लिखा गया है।
उन्होंने ऐसे सपोर्ट सिस्टम की जरूरत पर बल दिया जो रिएक्टिव होने की जगह प्रोएक्टिव हो। उन्होंने कहा आजकल छात्रों पर ज्यादा दबाव होता है। आशीष सूद ने सभी स्कूलों से छात्रों में तनाव की जल्द पहचान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार मेंटल-हेल्थ फ्रेमवर्क, काउंसलिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और टीचर-ट्रेनिंग इनिशिएटिव को मजबूत करने के लिए पब्लिक और प्राइवेट दोनों स्कूलों के साथ मिलकर काम करेगी। उन्होंने स्कूलों से एक दयापूर्ण, भावनात्मक सुरक्षित इकोसिस्टम बनाने की अपील की।
विज्ञापन
शिक्षा मंत्री ने कहा कि वह यह पत्र मंत्री के तौर पर नहीं बल्कि अभिभावक के तौर पर लिख रहे हैं। छात्र की आत्महत्या पर दुख जताते हुए उन्होंने कहा कि स्कूलों को बच्चों को सख्ती और नरमी दोनों तरह से पढ़ाया जाना चाहिए। उन्होंने स्कूलों को कहा कि बच्चों की भावात्मक सुरक्षा संबंधी सिस्टम बनाने की जरूरत है। उन्होंने स्कूलों से उम्मीद जताई कि वह मजबूत भावात्मक और साइकोलॉजिकल सपोर्ट सिस्टम तैयार करेंगे, साथ ही मेंटल हेल्थ के मुद्दे पर शिक्षकों का प्रशिक्षण और उन्हें जागरूक किया जाएगा। स्कूलों को बच्चों के कल्याण उनकी खुशियां और उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने पर प्राथमिकता देनी चाहिए।
विज्ञापन