{"_id":"62a658ea76956a75c162a9dc","slug":"political-parties-made-drinking-water-crisis-the-main-issue-in-delhi-assembly-by-elections","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Delhi Assembly By Elections : राजनीतिक दलों ने पेयजल संकट को बनाया मुख्य मुद्दा, बात गई हरियाणा तक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi Assembly By Elections : राजनीतिक दलों ने पेयजल संकट को बनाया मुख्य मुद्दा, बात गई हरियाणा तक
Mon, 13 Jun 2022 04:53 AM IST
दुष्यंत शर्मा
विनोद डबास, नई दिल्ली
विनोद डबास, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Mon, 13 Jun 2022 04:53 AM IST
सार
हालांकि, दोनों पार्टियों के नेताओं की ओर से जनता के बीच अन्य मुद्दे भी उठाए जा रहे हैं, लेकिन ये दोनों दल एक-दूसरे को घेरने के लिए पेयजल संकट को अधिक अहमियत दे रहे हैं।
विज्ञापन
demo pic...
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
राजेंद्र नगर विधानसभा क्षेत्र के उपचुनाव में जीत हासिल करने के लिए आम आदमी पार्टी और भाजपा ने पेयजल संकट को मुख्य मुद्दा बना दिया है। हालांकि, दोनों पार्टियों के नेताओं की ओर से जनता के बीच अन्य मुद्दे भी उठाए जा रहे हैं, लेकिन ये दोनों दल एक-दूसरे को घेरने के लिए पेयजल संकट को अधिक अहमियत दे रहे हैं।
विज्ञापन
उपचुनाव का बिगुल बजने के साथ ही भाजपा नेताओं ने आम आदमी पार्टी को घेरने के लिए इलाके में पेयजल संकट होने का मुद्दा उठाना शुरू किया। हालांकि, आम आदमी पार्टी शुरुआत में पेयजल संकट को मुद्दा बनाने से बच रही थी, क्योंकि पेयजल की व्यवस्था उसकी दिल्ली सरकार के हाथों में है, मगर इस मामले के तूल पकड़ने के बाद अब आप उम्मीदवार दुर्गेश पाठक ने अपने संबोधन में पेयजल संकट पर बोलना शुरू कर दिया है। इस तरह इलाके में गहराया पेयजल संकट चुनावी मुद्दा बन गया है।
विज्ञापन
उधर, आप ने भाजपा की रणनीति को भांपते हुए यमुना नदी में हरियाणा से पानी कम आने का मुद्दा उठाते हुए पूरी दिल्ली में पेयजल संकट पैदा होने का मामला उठाना शुरू कर दिया। मुख्यमंत्री समेत आप के कई नेताओं ने हरियाणा से अतिरिक्त पानी नहीं देने का आरोप लगाए। वहीं, यह मामला लंबा खिंचने के बाद भाजपा नेता सक्रिय हो गए और उन्होंने दिल्ली सरकार को कटघरे में खड़ा करने का प्रयास किया, लेकिन इस मामले में कामयाबी मिलती नहीं दिखने पर उन्होंने दिल्ली को अतिरिक्त पानी देने के लिए हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर का दरवाजा खटखटाने का निर्णय लिया।
विज्ञापन
दोनों पार्टियों के नेता फंसे
दुर्गेश पाठक के एलान किया है कि राजेंद्र नगर से पेयजल संकट दूर किया जाएगा। वहीं, भाजपा ने भी पेयजल संकट होने के दावे पर मुहर लगा दी है, क्योंकि भाजपा नेताओं की हरियाणा के मुख्यमंत्री से अतिरिक्त पानी देने की मांग ने आम आदमी पार्टी के नेताओं की हरियाणा से यमुना नदी में कम पानी आने की बात को पुख्ता कर दिया है। लिहाजा, दोनों दलों के नेताओं की रणनीति के अनुसार पेयजल संकट मुख्य मुद्दा बन गया। इतना ही नहीं, वे पेयजल संकट को मुद्दा बनाने की अपनी रणनीति पर एक-दूसरे दल के नेताओं की मुहर लगवाने में सफल हो गए। इस तरह उन्होंने पेयजल संकट को मुद्दा बनाने के मामले में एक-दूसरे को फंसा लिया है।
चड्ढा को जिम्मेदार ठहरा रही है भाजपा
चुनाव प्रचार में भाजपा नेता आरोप लगा रहे हैं कि राजेंद्र नगर क्षेत्र में पेयजल संकट के जिम्मेदार इलाके के तत्कालीन विधायक राघव चड्ढा हैं, क्योंकि उन्होंने दिल्ली जल बोर्ड का उपाध्यक्ष होने के बावजूद इलाके का पेयजल संकट दूर करने की दिशा में कोई ध्यान नहीं दिया।
पानी की समस्या पर करेंगे सबसे पहले काम : पाठक
दुर्गेश पाठक चुनाव प्रचार करने के दौरान कह रहे हैं कि कुछ समस्याओं का हल भले न हुआ हो, लेकिन यह बिल्कुल नहीं कह सकते हैं कि आम आदमी पार्टी ने काम नहीं किया है। दसघरा गांव और सतनगर में उन्होंने जनता से पानी की समस्या पर काम करने का वादा किया है। उन्होंने कहा कि वह पानी की समस्या पर सबसे पहले काम करेंगे।
भाजपा और आप पर हमलावर कांग्रेस
कांग्रेस ने भाजपा की केंद्र सरकार व आप की दिल्ली सरकार को आड़े हाथों लिया। कांग्रेस प्रत्याशी प्रेमलता का कहना है कि एक तरफ पानी की समस्या से परेशान लोग अपना दुखड़ा सुना रहे हैं, तो दूसरी तरफ गंदे पानी से बीमारी का खतरा मंडरा रहा है। इस बार भाजपा व आम आदमी पार्टी को राजेंद्र नगर उपचुनाव में जल संकट व बदबूदार पानी के लिए जनता सबक सिखाएगी।