{"_id":"611b9ea58ebc3e42f550395c","slug":"ngt-forms-committee-to-conduct-audit-of-up-seiaa-to-find-out-frequent-blatant-violations","type":"story","status":"publish","title_hn":"कार्रवाई: नियम उल्लंघन पर एनजीटी सख्त, यूपी एसईआईएए के कार्यों की ऑडिट के लिए बनाई समिति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कार्रवाई: नियम उल्लंघन पर एनजीटी सख्त, यूपी एसईआईएए के कार्यों की ऑडिट के लिए बनाई समिति
Tue, 17 Aug 2021 05:03 PM IST
प्राची प्रियम
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: प्राची प्रियम
Updated Tue, 17 Aug 2021 05:03 PM IST
सार
पर्यावरण और वन मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष इस समिति के सदस्य होंगे। यह समिति राज्य पर्यावरण प्रभाव आकलन प्राधिकरण, उत्तर प्रदेश की कार्यात्मक ऑडिट करेगी।
विज्ञापन
एनजीटी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने लगातार हो रहे नियमों के उल्लंघन का पता लगाने के लिए राज्य पर्यावरण प्रभाव आकलन प्राधिकरण (एसईआईएए), उत्तर प्रदेश की कार्यात्मक ऑडिट के लिए दो सदस्यीय समिति का गठन किया है।
विज्ञापन
एनजीटी अध्यक्ष न्यायमूर्ति एके गोयल की अध्यक्षता वाली पीठ ने समिति गठित करने का निर्देश दिया। निर्देश के मुताबिक पर्यावरण और वन मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष इस समिति के सदस्य होंगे।
विज्ञापन
पीठ ने कहा कि यह समिति उत्तर प्रदेश एसईआईएए की कार्यात्मक ऑडिट करेगी और इस बात का पता लगाएगी कि नियमों के खुलेआम उल्लंघन कैसे हो रहे हैं और स्थिति को कैसे नियंत्रित किया जा सकता है।
विज्ञापन
एनजीटी ने कहा कि यह समिति किसी अन्य विशेषज्ञ/संस्था से सहायता लेने और स्टेक होल्डरों के साथ बातचीत करने के लिए स्वतंत्र होगी। इसके साथ ही यूपी एसईआईएए को सुप्रीम कोर्ट के फैसलों के आलोक में लगातार बड़े पैमाने पर हो रहे उल्लंघन को देखते हुए अपने कामकाज की समीक्षा करनी होगी।