दिल्ली पुलिस ने एक लाख के इनामी बदमाश को किया गिरफ्तार, हत्या और कब्जा करने का आरोप
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दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने एक लाख के इनामी बदमाश को सोनीपत के रोहाना गांव से गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी की पहचान सोनीपत के खरखौदा निवासी विजेंद्र उर्फ गड्गू (32) के रूप में हुई है।
विजेंद्र ने गैंगस्टर कर्मवीर और गैंग के बाकी साथियों के साथ मिलकर 2018 में बवाना से एक युवक को अगवा कर सोनीपत ले जाकर उसकी हत्या कर दी थी। पुलिस को तभी से विजेंद्र व उसके साथियों की तलाश थी।
विजेंद्र कर्मवीर उर्फ काला और कुलदीप उर्फ फज्जा का करीबी बताया जा रहा है। स्पेशल सेल के पुलिस उपायुक्त संजीव कुमार यादव ने बताया कि जनवरी 2017 में रोशनी देवी नामक एक महिला ने 35 वर्षीय बेटे संजय मांगे की गुमशुदगी बवाना थाने में दर्ज कराई थी।
इस बीच दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने 13 अगस्त, 2018 को गैंगस्टर कर्मवीर और उसके साथी नन्हे को गिरफ्तार किया। कर्मवीर ने संजय की हत्या की बात कुबूल कर बताया कि उसने अपनी पत्नी स्वीटी साथी सोनू उर्फ करंट और विजेंद्र के साथ मिलकर संजय की हत्या कर उसका शव सोनीपत की एक नहर में फेंक दिया था।
नांगलोई में लूटी थी एक कार
वारदात के बाद से ही पुलिस को विजेंद्र की तलाश थी। दिल्ली पुलिस ने विजेंद्र की गिरफ्तारी पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। स्थानीय पुलिस, अपराध शाखा और स्पेशल सेल को विजेंद्र की तलाश थी। इस बीच सोमवार को स्पेशल सेल को सूचना मिली कि सोनीपत के रोहाना गांव में विजेंद्र आने वाला है।
सूचना के बाद सेल की टीम ने पूरे गांव का घेराव कर लिया। इस बीच शाम को विजेंद्र गांव में पहुंचा। पुलिस को देखते ही उसने भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने पीछा कर काबू कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने अपने साथी मनोज के साथ मिलकर नांगलोई में एक कार लूटी थी।
इसके अलावा कुलदीप नामक साथी के साथ मिलकर सोनीपत के भाटगांव में एक पटवारी की हत्या कर दी थी। कुलदीप का पटवारी से झगड़ा चल रहा था। इसके बाद विजेंद्र ने अपने साथी संदीप मेंटल और जगदीप के साथ मिलकर नजफगढ़ में एक प्लॉट पर कब्जा करने को लेकर फायरिंग कर दी थी।
जिसके बाद अपराध शाखा ने विजेंद्र को गिरफ्तार कर लिया, लेकिन 2016 में उसे जमानत मिल गई। बाद में विजेंद्र ने कर्मवीर के साथ मिलकर 2018 में संजय की हत्या कर शव सोनीपत की नहर में फेंक दिया था।