दिल्ली: कारोबार में हिस्सा देने के नाम पर संपत्ति गिरवी रख कराया 19 करोड़ का लोन, आरोपी गिरफ्तार
आरोपी ने लोगों की संपत्ति को एक साल तक बैंक में गिरवी रखकर करोड़ों रुपये ले लिए। एक साल बाद संपत्ति और मुनाफा नहीं मिलने पर पीड़ितों ने शाखा में शिकायत कर दी थी। आरोपी की पत्नी को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।
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हीरे और सोने के कारोबार में मुनाफा में हिस्सा देने का झांसा देकर करोड़ों की ठगी करने के एक कारोबारी को आर्थिक अपराध शाखा ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी चार साल से फरार था और अदालत ने उसे भगोड़ा करार दिया था।
आरोपी ने लोगों की संपत्ति को एक साल तक बैंक में गिरवी रखकर करोड़ों रुपये ले लिए। एक साल बाद संपत्ति और मुनाफा नहीं मिलने पर पीड़ितों ने शाखा में शिकायत कर दी थी। आरोपी की पत्नी को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। संयुक्त आयुक्त छाया शर्मा ने बताया कि आरोपी की पहचान शारदापुरी, रमेश नगर निवासी संजय तुलस्यान (45) के रूप में हुई है। वर्ष 2018 में पांच शिकायतकर्ताओं ने शाखा में धोखाधड़ी और ठगी की शिकायत की।
शिकायतकर्ताओं ने बताया कि 2013 में उनकी मुलाकात संजय से हुई थी। उसने पीड़ितों को सोने और हीरे के कारोबार में मोटे मुनाफे का झांसा दिया। उसने बताया कि उनकी प्रापर्टी को बैंक में गिरवी रखकर कैश क्रेडिट लिमिट ले सकते हैं। यह रकम कारोबार में लगा कर मुनाफा कमा सकते हैं। उसने हीरे और सोने के कारोबार में महारत हासिल होने की बात कहकर उन्हें लुभाया। उसकी बातों में आकर पीड़ितों ने अपनी प्रॉपर्टी ओवरसीज बैंक के पास गिरवी रख दी और लगभग 19 करोड़ रुपये का कैश क्रेडिट लोन ले लिया।
लोन नहीं चुकाने पर बैंक ने खाते को एनपीए घोषित किया
पीड़ितों ने बताया कि एक साल बाद लोन की रकम वापस नहीं करने पर बैंक ने खाते को एनपीए घोषित कर दिया और प्रॉपर्टी को नीलाम करने की प्रक्रिया शुरू कर दी। पुलिस ने मामले पर कार्रवाई करते हुए वर्ष 2019 में संजय की पत्नी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी फरार चल रहा था। पुलिस ने अदालत से उसे भगोड़ा करार करवाने के बाद उसकी तलाश शुरू की। तकनीकी जांच में पता चला कि वह रमेश नगर में छुपकर रह रहा है। पुलिस टीम ने गुरुवार को उसे गिरफ्तार कर लिया।