Delhi Electricity Hike: आतिशी ने केंद्र पर लगाया बिजली शुल्क बढ़ाने का आरोप, कहा- जीरो बिल वाले न हों परेशान
Delhi Power Tariff Hike News : दिल्ली की ऊर्जा मंत्री आतिशी ने कहा कि बिजली के बढ़ते दामों के लिए केंद्र की मोदी सरकार जिम्मेदार है। बीएसईएस की अर्जी को मंजूरी देते हुए पॉवर परचेज एग्रीमेंट के आधार पर 10 फीसदी दर बढ़ाने की इजाजत दी है।
विस्तार
दिल्ली में बिजली महंगी होने जा रही है। दिल्ली विद्युत नियामक आयोग (डीईआरसी) ने पीपीएसी (पावर परचेज एग्रीमेंट कॉस्ट) के माध्यम से बिजली शुल्क बढ़ाने को मंजूरी दे दी। जिसके बाद दिल्ली मंत्री आतिशी ने केंद्र की मोदी सरकार को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया है। साथ ही कहा कि जिन लोगों के बिजली के बिल जीरो आ रहे हैं, उनके बिल जीरो आते रहेंगे।
दिल्ली की ऊर्जा मंत्री आतिशी ने कहा कि बिजली के बढ़ते दामों के लिए केंद्र की मोदी सरकार जिम्मेदार है। बीएसईएस की अर्जी को मंजूरी देते हुए पॉवर परचेज एग्रीमेंट के आधार पर 10 फीसदी दर बढ़ाने की इजाजत दी है। उन्होंने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि दिल्ली में बिजली बिल बढ़ाने के लिए सिर्फ केंद्र सरकार का मिस्मानागमेंट जिम्मेदार है और कोयले के दामों को बढ़ाया गया है। भारत में कोयले की कोई कमी नहीं है। फिर क्यों कोयले के दामों को बढ़ाया गया है। क्यों बिजली बनाने वाली कंपनियों पर महंगा कोयला खरीदने का दबाव बनाया जा रहा है।
#WATCH | "The electricity tariff in Delhi is increasing only because of the mismanagement of the Central government and the increasing rates of coal blocks...There is no shortage of coal mines in India then why is the price of coal increasing, why the electricity producing… pic.twitter.com/Ml7dgEFjhB
— ANI (@ANI) June 26, 2023
बिजली उपभोक्ताओं को देना होगा सरचार्ज
दिल्ली विद्युत नियामक आयोग (डीईआरसी) ने पावर डिस्कॉम, बीवाईपीएल (बीएसईएस यमुना) और बीआरपीएल (बीएसईएस राजधानी) की मांग को स्वीकार करते हुए विद्युत खरीद समायोजन शुल्क (पीपीएसी) को 10 फीसदी तक बढ़ाने का फैसला किया है। इसका सबसे ज्यादा असर बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड के क्षेत्र पर पड़ेगा। इस क्षेत्र के उपभोक्ता को पीपीएसी 22.18 फीसदी की जगह 31.60 फीसदी देनी होगी जो करीब 9.45 फीसदी की बढ़त है।
200 यूनिट फ्री वाले उपभोक्ताओं पर नहीं पड़ेगा असर
दूसरी तरफ सबसे कम अधिभार करीब 1.5 फीसदी टाटा पावर-डीडीएल क्षेत्र के लोगों पर पड़ेगा। इस क्षेत्र के उपभोक्ता को पीपीएसी 27.64 फीसदी की जगह 29.13 फीसदी देनी होगी। इसमें करीब 1.49 फीसदी की बढ़त है। इसके अलावा बीएसईएस राजधानी पावर लिमिटेड क्षेत्र में पीपीएसी 6.39 फीसदी और नई दिल्ली नगर परिषद (एनडीएमसी) क्षेत्र में पीपीएसी 2 फीसदी तक बढ़ा दिया है। राजधानी पावर लिमिटेड में नई दर 27.08 फीसदी और एनडीएमसी में 30 फीसदी होगा। बढ़ाया गया अधिभार मार्च 2024 तक लागू रहेगा। हालांकि, इसका असर 200 यूनिट तक इस्तेमाल कर रहे उपभोक्तओं पर नहीं पड़ेगा। बिजली पर सरचार्ज बढ़ाने के साथ राजनीति भी तेज हो गई है।
बिजली दरों के बढ़ने के बाद सियासत भी तेज हो गई है। ऊर्जा मंत्री आतिशी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नीतियों की वजह से टैरिफ बढ़ा है। जबकि भाजपा व कांग्रेस का इसका ठीकरा दिल्ली सरकार पर फोड़ा है।
पीपीएसी- बीआरपीएल - बीवाईपीएल - टीपीडीडीएल - एनडीएमसी
मौजूदा- 20.69% - 22.18% - 27.64% - 28.00%
संशोधित - 27.08% - 31.60% - 29.13% - 30.00%