फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Admission in DU: Cutoff scored a century in many subjects now entrance exam is the only option

डीयू में दाखिला : कटऑफ ने लगाया कई विषयों में शतक, अब प्रवेश परीक्षा ही विकल्प

Sat, 02 Oct 2021 04:57 AM IST
दुष्यंत शर्मा रश्मि शर्मा, नई दिल्ली
रश्मि शर्मा, नई दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Sat, 02 Oct 2021 04:57 AM IST
सार

इस बार कई विषयों में कटऑफ 100 तक पहुंच गई है। ऐसे में प्रवेश के लिए अब परीक्षा को लेकर सोचना न केवल मजबूरी है बल्कि विकल्प भी यही है। 

विज्ञापन
Admission in DU: Cutoff scored a century in many subjects now entrance exam is the only option
Delhi University

विस्तार

दिल्ली विश्वविद्यालय की इस बार की सौ फीसदी कटऑफ ने दाखिले प्रवेश परीक्षा से लिए जाने के विषय में सोचने को मजबूर कर दिया है। इस बार कई कॉलेजों में कटऑफ 98 से 99 फीसदी तक चली गई है। सौ फीसदी की कटऑफ के कारण कॉलेज प्रिंसिपल भी मान कर चल रहे हैं कि अब दाखिले के लिए प्रवेश परीक्षा के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है। एक कॉमन एंट्रेस होने से मूल्यांकन भी एक पैरामीटर पर होगा। हालांकि एंट्रेस में बारहवीं के अंकों को भी वेटेज देना होगा। 

विज्ञापन


इस साल डीयू की तैयारी प्र्रवेश परीक्षा से ही दाखिले लेने की थी। लेकिन कट ऑफ से दाखिले लेने का फैसले लेने के कारण इस पर विराम लग गया था। श्री अरविंदो कॉलेज प्रिंसिपल डॉ विपिन अग्रवाल कहते हैं कि जिस तरह से 90-100 फीसदी अंक लाने वाले बढ़े हैं, उससे लगता है कि आने वाले सालों में दाखिले के लिए प्रवेश परीक्षा ही विकल्प बचता है। 
विज्ञापन


डॉ अग्रवाल कहते हैं कि 12वीं में प्राप्त अंकों पर डीयू विराम लगा नहीं सकता। प्रत्येक बोर्ड के मार्किंग केपैरामीटर अलग-अलग हैं। ऐसे में यदि सभी बोर्ड के छात्रों केडीयू में दाखिले के लिए कॉमन परीक्षा होगी तो मूल्यांकन का एक ही पैरामीटर होगा। विषयानुसार परीक्षा आयोजित की जानी चाहिए। जिसमें बारहवीं के अंकों को भी वेटेज मिलना चाहिए। हंसराज कॉलेज प्रिंसिपल डॉ रमा कहती हैं कि छात्र जिस तरह से बारहवीं में अंक ले रहे हैं उससे कॉलेज 99 या 100 कट ऑफ के बाद कितनी अधिक निकालें। प्रवेश परीक्षा ही एक हल बचता है। वैसे भी 99 या 100 में ज्यादा फर्क नहीं है। प्रवेश परीक्षा लिया जाना जरुरी हो गया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

मालूम हो कि बीते साल केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति(एनईपी) 2020 के तहत केंद्रीय विश्वविद्यालयों में सभी स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए कॉमन एंट्रेस टेस्ट के तौर-तरीकों पर गौर करने केलिए एक कमेटी का गठन किया था। चूंकि डीयू एक केंद्रीय विश्वविद्यालय है इसलिए उम्मीद की जा रही थी कि डीयू में प्रवेश परीक्षा से दाखिले होंगे। लेकिन प्रवेश परीक्षा की सुगबुगाहट के कारण शिक्षक व छात्र विरोध भी जताने लगे थे। वहीं प्रवेश परीक्षा के लिए डीयू की तैयारी भी नहीं थी। इस कारण से इस साल प्रवेश परीक्षा से दाखिले शुरू नहीं हो सके। 

बीए की कटऑफ में भी सैकड़ा

दिल्ली विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक सत्र 2021-22 में स्नातक कोर्सेज में दाखिले के लिए पहली कट ऑफ शुक्रवार को जारी कर दी है। पहली कट ऑफ में इस बार कई कोर्सेज में शतकों की बारिश हुई है। हिंदू व रामजस कॉलेज ने सामान्य श्रेणी के लिए पॉलिटिकल साइंस ऑनर्स कोर्स के लिए सौ फीसदी कट ऑफ निकाली है, जबकि एसआरसीसी ने अपने दोनों कोर्सेज ईकोनॉमिक्स ऑनर्स व बीकॉम ऑनर्स केलिए कट ऑफ 100 फीसदी रखी है। वहीं श्रीगुरु तेगबहादुर खालसा कॉलेज ने बीकॉम की सौ फीसदी कट ऑफ निकाली है। 

ऐसा पहली बार है कि जब कई कॉलेजों में कुछ कोर्सेज की कट ऑफ ने सौ का आंकड़ा छुआ है। बीते साल लेडी श्रीराम कॉलेज ने इकोनॉमिक्स ऑनर्स, पॉलिटिकल साइंस ऑनर्स व साइकोलॉजी ऑनर्स की कट 100 फीसदी रखी थी। इससे पहले वर्ष 2011, 2014 व 2015 में कट ऑफ ने सौ का आंकड़ा छुआ था।  

कट ऑफ में ह्यूमेनिटीज, साइंस व कॉमर्स कोर्सेज एक दूसरे को टक्कर दे रहे हैं। कॉलेजों में इकोनॉमिक्स, पॉलिटिकल साइंस, इतिहास, अंग्रेजी, फिजिक्स, साइकोलॉजी कोर्सेज में भी कट ऑफ 99 फीसदी तक गई है। जबकि बीकॉम ऑनर्स के लिए 5 नामी कॉलेज ने 99.75 फीसदी कट ऑफ निकाली है। डीयू की पहली कट ऑफ में बीते साल के मुकाबले में एक से पांच फीसदी तक की बढ़ोतरी देखने को मिली है। दरअसल इस बार सीबीएसई समेत अन्य बोर्ड में 90 से 100 फीसदी अंक लाने वाले छात्रों की संख्या काफी अधिक है। इस कारण से कॉलेजों ने भी सीटों से अधिक दाखिले से बचने के लिए पहली कट ऑफ में ही 99 से 100 फीसदी तक कट ऑफ निकाला है। नॉर्थ कैंपस केकॉलेजों की बात की जाए तो अधिकतर ने अपने कोर्सेज की कट ऑफ 99 फीसदी या उससे ऊपर ही रखी है। 

हिंदू कॉलेज ने पॉलिटिकल साइंस में सौ फीसदी कट ऑफ निकाली
हिंदू कॉलेज ने आट्र्स व कॉमर्स की अपनी कट ऑफ में पांच कोर्सेज की कट ऑफ 99 फीसदी से अधिक है। जबकि पॉलिटिकल साइंस ऑनर्स की कट ऑफ ने सौ के आंकड़े को छू लिया है। कॉलेज ने बीए ऑनर्स ईकोनॉमिक्स ऑनर्स केलिए 99.75 फीसदी, बीए ऑनर्स अंग्रेजी की 99.25 फीसदी, बीए ऑनर्स इतिहास की 99.50 फीसदी, और बीकॉम ऑनर्स की कट ऑफ 99.75 फीसदी निकाली है। यहां ओबीसी श्रेणी केलिए ईकोनॉमिक्स ऑनर्स की कट ऑफ भी 99 फीसदी तक पहुंची है। वही इस श्रेणी की पॉलिटिकल साइंस की कट ऑफ 99.50 फीसदी रही है। 

हंसराज में बीकॉम ऑनर्स व ईकोनॉमिक्स की कट ऑफ 99.75 फीसदी
नॉर्थ कैंपस स्थित हंसराज कॉलेज ने सामान्य श्रेणी के लिए बीकॉम ऑनर्स व ईकोनॉमिक्स ऑनर्स की कट ऑफ 99.75 फीसदी रही है। जबकि अंग्रेजी व हिस्ट्री ऑनर्स की कट ऑफ 99 फीसदी है। नॉर्थ कैंपस स्थित श्री गुरु तेगबहादुर खालसा कॉलेज ने जहां बीकॉम में कट ऑफ 100 फीसदी रखी है, वहीं ईकोनॉमिक्स ऑनर्स की 99.50, हिस्ट्री ऑनर्स की 99.25 फीसदी और बीकॉम ऑनर्स की 99.50 फीसदी रही है। किरोड़ीमल कॉलेज की बात की जाए तो ईकोनॉमिक्स ऑनर्स की कट ऑफ 99.50, भूगोल ऑनर्स की 99, पॉलिटिकल साइंस ऑनर्स की 99.75, बीकॉम व बीकॉम ऑनर्स की 99.75 फीसदी रखी है। मिरांडा हाउस कॉलेज ने इकोनॉमिक्स ऑनर्स की 99.50, अंग्रेजी ऑनर्स केलिए 99, हिस्ट्री की 99.25, पॉलिटिकल साइंस की 99.75, कट ऑफ रखी है। 

दौलतराम ने ईकोनॉमिक्स, पॉलिटिकल साइंस, बीकॉम ऑनर्स, साइकोलॉजी ऑनर्स केलिए कट ऑफ 99 फीसदी रखी है। जीसस एंड मैरी कॉलेज ने साइकोलॉजी ऑनर्स केलिए कट ऑफ 99 फीसदी निकाली है। वहीं यदि किसी छात्र ने बारहवीं में साइकोलॉजी नहीं पढ़ा है तो उसकेलिए कट ऑफ 100 फीसदी है। रामजस कॉलेज ने जहां पॉलिटिकल साइंस की कट ऑफ को 100 फीसदी निकाला है। कॉलेज ने फिजिक्स केलिए भी कट ऑफ 100 फीसदी रखी है। वहीं अंग्रेजी व ईकोनॉमिक्स के लिए कट ऑफ 99.75 फीसदी रखी है। जबकि यहां बीकॉम ऑनर्स व बीकॉम की कट ऑफ 99.25 फीसदी है। हिस्ट्री की कट ऑफ 99 फीसदी है। इस साल सीबीएसई की बारहवीं की परीक्षा में 95 फीसदी से अधिक अंक लगाने वालों की संख्या 70 फीसदी से अधिक थी। इस कारण कॉलेज प्रिंसिपल पहले ही कट ऑफ के सौ फीसदी तक जाने की भविष्यवाणी कर चुकेथे।  

कॉलेज के प्राचार्यों ने इस साल सीबीएसई कक्षा 12 की बोर्ड परीक्षा में 70ए000 से अधिक छात्रों के 95 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने के साथ कट.ऑफ के उच्च स्तर पर पहुंचने की भविष्यवाणी की थी।

बीते साल भी कट ऑफ ने लगाया था  शतक
डीयू में बीते साल लेडी श्रीराम कॉलेज ने इकोनॉमिक्स ऑनर्स, पॉलिटिकल साइंस ऑनर्स व साइकोलॉजी ऑनर्स की कट 100 फीसदी रखी थी। वहीं इससे पहले वर्ष 2015 में सौ फीसदी कट आई थी। जब इंद्रप्रस्थ कॉलेज फॉर वूमेन्स कॉलेज और कॉलेज ऑफ वोकेशनल स्टडी ने कंप्यूटर साइंस ऑनर्स की कट ऑफ 100 फीसदी जारी की थी। वहीं वर्ष 2014 में भी एआरएसडी कॉलेज ने बीएससी ऑनर्स कंप्यूटर साइंस की सौ फीसदी कट ऑफ जारी की थी। वर्ष 2011 में एसआरसीसी ने बीकॉम ऑनर्स में सौ फीसदी कट ऑफ निकाल कर हैरान किया था। 

रामजस कॉलेज में संयुक्त कोर्स के लिए पहली कटऑफ पहुंची 100 फीसदी 

दिल्ली विश्वविद्यालय(डीयू) की जारी पहली कटऑफ के तहत बीए प्रोग्राम के संयुक्त (कांबिनेशन) कार्सेस में भी कटऑफ शतक के आंकड़े को छू गई है। रामजस कॉलेज में बीए प्रोग्राम के तहत अंग्रेजी, हिंदी, इतिहास, राजनीति विज्ञान, अर्थशास्त्र व गणित  जैसे किसी दो विषय एक साथ लेने पर 100 फीसदी कटऑफ है। इसके अलावा प्रमुख विषयों के साथ इस कोर्स के लिए नार्थ कैंपस से लेकर साउथ कैंपस के प्रतिष्ठित कॉलेजों में 99 व इससे अधिक कटऑफ रखी गई है। 

डीयू के कांबिनेशन कार्सेस के तहत नार्थ कैंपस में बीए प्रोग्राम(अंग्रेजी व अर्थशास्त्र) के लिए 99 फीसदी कटऑफ है। अंग्रेजी व राजनीति विज्ञान के संयुक्त कोर्सेस में देखने को मिली है। इस कोर्स के लिए नार्थ कैंपस किरोड़ीमल कॉलेज ने 99 फीसदी कटऑफ रखी है। वहीं, मिरांडा हाउस कॉलेज ने .25 अंकों की बढ़ोतरी करते हुए इसे 99.25 फीसदी रखा है। मिरांडा हाउस से बीए प्रोग्राम के तहत अंग्रेज व फिलोस्फी करने के लिए 99 फीसदी कटऑफ तय की गई है। साथ ही अर्थशास्त्र और भूगोल के लिए 99.25 फीसदी कटऑफ है। अर्थशास्त्र व इतिहास के संयुक्त कोर्स की बात करें तो बीए प्रोग्राम के लिए किरोड़ीमल कॉलेज ने 99 फीसदी, लेडी श्रीराम कॉलेज ने 99.25 फीसदी व मिरांडा हाउस ने 99.25 फीसदी कटऑफ रखी है। 
वहीं, अर्थशास्त्र व राजनीति विज्ञान के संयुक्त कोर्स में दाखिले की चाह रखने वाले छात्रों के लिए कटऑफ ऊंची रखी गई है। इसके तहत किरोड़ीमल कॉलेज में 99.25 फीसदी, लेडी श्रीराम कॉलेज फॉर वुमेन में 99.25 फीसदी, मिरांडा हाउस में 99.25 फीसदी व साउथ कैंपस के प्रतिष्ठित कॉलेजों में शुमार श्रीवेंकेटेश्वर कॉलेज में 98.5 फीसदी कटऑफ है। दूसरी ओर नॉर्थ कैंपस के मिरांडा हाउस में 99.25 फीसदी कटऑफ है। 

भूगोल व अंग्रेजी के साथ बीए प्रोग्राम के लिए मिरांडा हाउस में 99.25 फीसदी कटऑफ है। इसके अलावा राजनीति विज्ञान और विज्ञान समाजशास्त्र के संयुक्त कोर्स के लिए मिरांडा हाउस में 99.25 फीसदी और वेंकेटेश्वर कॉलेज में 98.5 फीसदी कटऑफ रखी गई है।

पहली बार पॉलिटिकल साइंस की कटऑफ रही सौ फीसदी
हिंदू कॉलेज ने आर्ट्स व कॉमर्स के पांच कोर्सेज के लिए अपनी कटऑफ 99 फीसदी से अधिक रखी है। यह पहली बार है, जब पॉलिटिकल साइंस ऑनर्स की कटऑफ ने सौ के आंकड़े को छू लिया है। कॉलेज नेे बीए ऑनर्स इकोनॉमिक्स ऑनर्स की 99.75 फीसदी, बीए ऑनर्स अंग्रेजी की 99.25 फीसदी, बीए ऑनर्स इतिहास की 99.50 फीसदी और बीकॉम ऑनर्स की कटऑफ 99.75 फीसदी निकाली है। ओबीसी श्रेणी के लिए इकोनॉमिक्स ऑनर्स की कटऑफ भी 99 फीसदी तक पहुंची है। इस श्रेणी की पॉलिटिकल साइंस की कटऑफ 99.50 फीसदी रही है।

नॉर्थ कैंपस स्थित हंसराज कॉलेज में सामान्य श्रेणी के लिए बीकॉम ऑनर्स व इकोनॉमिक्स ऑनर्स की कटऑफ 99.75 फीसदी रही है। अंग्रेजी व हिस्ट्री ऑनर्स की कटऑफ 99 फीसदी है। नॉर्थ कैंपस स्थित श्री गुरु तेगबहादुर खालसा कॉलेज ने जहां बीकॉम में कटऑफ 100 फीसदी रखी है, वहीं इकोनॉमिक्स ऑनर्स की 99.50, हिस्ट्री ऑनर्स की 99.25 और बीकॉम ऑनर्स की 99.50 फीसदी रही है। किरोड़ीमल कॉलेज में इकोनॉमिक्स ऑनर्स की कटऑफ 99.50, भूगोल ऑनर्स की 99, पॉलिटिकल साइंस ऑनर्स की 99.75, बीकॉम व बीकॉम ऑनर्स की 99.75 फीसदी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed