बड़े काम का मैजिक बॉक्स: चुटकियों में दूध से लेकर दाल तक आसानी से पकड़ सकेंगे मिलावट, इस्तेमाल करना बेहद आसान
प्रगति मैदान में चल रहे अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के स्टॉल पर एफएसएसएआई ने अपने मैजिक बॉक्स को रखा है। बॉक्स की मदद से 102 तरह की जांच की जा सकेंगी।
विस्तार
दूध में स्टार्च तथा हल्दी, चावल और दाल में रसायन आसानी से पकड़ में नहीं आते। अक्सर लोग धोखे में इनका सेवन कर जाते हैं जो कैंसर जैसी घातक बीमारियों को न्योता दे सकते हैं, लेकिन अब मिलावट की पहचान तीसरी कक्षा के बच्चे भी आसानी से कर सकेंगे। यह संभव हो पाया है मैजिक बॉक्स से। इसकी ट्रेनिंग दी जा रही है।
भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) के इस मैजिक बॉक्स की मदद से तीसरी कक्षा से लेकर 10वीं तक में पढ़ने वाले बच्चे भी आसानी से पता लगा सकेंगे कि किस खाद्य पदार्थ में क्या मिलाया गया है। दरअसल प्रगति मैदान में चल रहे अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के स्टॉल पर एफएसएसएआई ने अपने मैजिक बॉक्स को रखा है। बॉक्स की मदद से 102 तरह की जांच की जा सकेंगी।
दूध हो जाएगा नीला
दूध में हाइड्रोजन परॉक्साइड, अमोनिया, नाइट्रेट फर्टिलाइजर और न्यूट्रलाइजर सहित अन्य तत्वों को बढ़ाने के लिए अक्सर स्टार्च को मिलाया जाता है। यह आंतें, किडनी और लिवर के अलावा कई अंगों को नुकसान पहुंचा सकता है। ऐसे में इसकी पहचान के लिए मैजिक बॉक्स में आयोडीन सॉल्यूशन रखा गया है। दूध में इसकी कुछ बूंदें डालते ही दूध नीला पड़ जाता है। यदि दूध में पानी मिलाया जाए तो शीशे पर डालकर उसके बहने की गति से पकड़ा जा सकता है। इसी तरह से दूध में यदि यूरिया, डिटर्जन सोप, कॉस्टिक सोडा आदि मिलाया गया हो तो उसे भी आसानी से पकड़ा जा सकता है।
सरसों का तेल
अधिकतर परिवार खाने में सरसों के तेल का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में कई व्यापारी इसमें मिलावट करते हैं। इस मिलावट को आसानी से पकड़ा जा सकता है। मैजिक बॉक्स में उपलब्ध नाइट्रिक एसिड की कुछ बूंदों को सरसों के तेल के सैंपल में डालना होगा। यदि तेल में मिलावट होगी तो वह पहले संतरी, फिर पीला और लाल रंग में बदल जाएगा। यह तेल में मिलावट को बताएगा। वहीं नारियल के तेल को फ्रिज में रखकर जमा लें। 60 से 90 मिनट के बाद उसे देखें। यदि जमे हुए हिस्से के ऊपर कुछ तरल दिखता है तो मिलावट होगी।
गुड़ की ऐसे जांचें शुद्धता
गुड़ को टेस्ट ट्यूब में डालकर पानी के साथ घोल लें। फिर इसमें एथिल अल्कोहल डाले। इसके बाद इस घोल में एचसीएल एसिड मिलाएं। यदि इन्हें मिलाने के बाद भी गुड़ के घोल का रंग न बदले तो गुड़ में कोई मिलावट नहीं है, यदि रंग बदलकर लाल हो जाता है तो गुड़ में मिलावट होगी।