पीएम पर हमला बोलते हैं केजरीवाल तो AAP के खाते में बढ़ने लगती है रकम
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आम आदमी पार्टी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार पर हमला बोलने से उसका राजनैतिक नफा-नुकसान भले ही बहस का विषय हो, लेकिन आप या मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के हमला करने या उलट हमला होने पर देश-विदेश के समर्थक अपने धन से उनका समर्थन बढ़ा देते हैं।
इस माह का ट्रेंड देखें तो भले ही चंदा देने वालों की संख्या में कमी आई हो, लेकिन अन्य विवादों की तरह टैंकर घोटाले की एफआईआर दर्ज होने की खबर आने वाले दिन सबसे ज्यादा चंदा आप की झोली में आया।
भ्रष्टाचार के मुद्दे से जन्म लेकर वर्ष 2013 से दो बार दिल्ली में सरकार बनाने वाली आम आदमी पार्टी को 2013 से अभी तक भारत सहित 122 देशों से 68.61 करोड़ रुपये का चंदा मिल चुका है।
चंदे से पता लगता है जनता के बीच पार्टी का ग्राफ
दरअसल, पूर्व के अनुभवों के अनुसार चंदे की राशि से जनता के बीच पार्टी का ग्राफ भी पता लगता रहा है। मौजूदा समय में पंजाब चुनाव प्रचार शुरू कर चुकी आप की निगाह चंदे के ग्राफ पर टिकी हुई है।
हालांकि राजनीति के जानकारों के अनुसार पहले के मुकाबले आज का चंदे का ग्राफ आप को मिलेजुले समर्थन का संकेत दे रहा है। पूर्व के विधानसभा चुनावों के दौरान तो जनता ने दिल खोलकर आप को चंदा दिया था, जबकि एक बार पार्टी को चंदा न देने की अपील करनी पड़ी थी।
जून माह के चंदे की सूची पर नजर दौड़ाएं तो 17 जून को इस माह का सबसे कम चंदा मात्र दस हजार रुपये ही आप की झोली में आए। वहीं, टैंकर घोटाले में पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित सहित नौ पर एफआईआर की खबर के साथ एसीबी चीफ का यह बयान आया कि टैंकर घोटाले में केजरीवाल से भी पूछताछ हो सकती है।
दिल्ली को पूर्ण राज्य के मसौदा पर धन की बरसात
इस पर चंदे का ग्राफ 18 जून को 3.50 लाख रुपये पहुंच गया। इतना ही नहीं 21 जून को जब एसीबी ने टैंकर घोटाले में केजरीवाल का नाम शामिल कर लिया, तो यह राशि इस दिन माह की सर्वाधिक 5.18 लाख रुपये पहुंच गई। इसके बाद इस विवाद में आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलने पर 22 जून को 3.17 लाख और 23 जून को 1.75 लाख रुपये का चंदा पार्टी को मिला।
अभी भी सर्वाधिक चंदा देने वाले राज्यों में दिल्ली 40 फीसदी, महाराष्ट्र 21.8 फीसदी, जबकि पंजाब 14.8 फीसदी हिस्सेदारी रखे हुए है। वहीं, देशों में भारत 74.7, यूएसए 6.8, कनाडा 6.8 और यूएई 5.6 फीसदी चंदे की हिस्सेदारी रखे हुए है।
दिल्ली सरकार के कामकाज को लेकर भी देश-विदेश के लोग नजरें गड़ाए हुए हैं। केजरीवाल पर हमले के दौरान तो चंदा बढ़ाकर वे समर्थन देते ही हैं, चुनावी वादों को पूरा करने की कोशिश पर भी वे आप का समर्थन करते हैं। 19 मई को जब केजरीवाल ने दिल्ली को पूर्ण राज्य का मसौदा रखा, तो एक ही दिन में 16 लाख से अधिक चंदा 167 लोगों ने आप को दिया। वहीं, मई माह का चंदा कुल करीब 49 लाख रहा।