फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   rain waterlogging

बारिश से जलभराव

Sat, 08 Jan 2022 10:39 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sat, 08 Jan 2022 10:39 PM IST
विज्ञापन
rain waterlogging
नूंह। शुक्रवार की रात से शनिवार सुबह तक आई मूसलाधार बारिश से नूंह क्षेत्र के आसपास के गांवों में सरसों की फसल में काफी नुकसान हुआ है। किसानों ने जिला प्रशासन से मुआवजे की मांग की है। बीते कई साल में जनवरी के महीने में यह अच्छी बारिश हुई है।
विज्ञापन

नूंह खंड के अरावली क्षेत्र, नगीना व फिरोजपुर झिरका खंडों में किसानों की फसलों की सिंचाई के लिए बारिश फायदेमंद रही है। नूंह क्षेत्र में कई जगह पर किसानों को नुकसान हुआ है। तहसील नूंह में 43 एमएम, तावडू 62 एमएम, फिरोजपुर झिरका में 32 एमएम, नगीना 35 एमएम वहीं पुन्हाना क्षेत्र में औसतन कम बरसात हुई। जिला मुख्यालय के नूंह शहर में बरसात से तावडू चौक, बड़ी मस्जिद, पुराना बाजार के अलावा सभी सर्विस रोड के अलावा कई वार्डों में जलभराव के कारण लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं, बरसात के कारण हुए जलभराव से नगरपालिका प्रशासन के सभी दावे फेल नजर आए। शहरों में करोड़ों रुपये के विकास कार्यों के बाद भी लोगों को जलभराव की समस्या से राहत नहीं मिल रही है। वहीं, जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में बरसात के कारण सुबह से शाम तक शनिवार को बिजली गुल रही।
विज्ञापन

अगेती फसलों में नुकसान
नूंह शहर के मेडिकल रोड के अलावा अन्य आसपास के गांवों में बरसात के साथ आई तेज हवा से सरसों की फसलों में नुकसान की खबर आई है। किसान बिट्टू, ईद्दी व हाजी अलीमोहम्मद ने बताया कि उनकी अगेती फसल में हवा के कारण काफी नुकसान हुआ है। काफी सरसों की फसल बिछ गई है। जिससे अभी पकने में काफी परेशानी आएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

शहर के विकास के लिए बने योजना
शहरवासी मुश्ताक चंदेनी, प्रवीन शर्मा, मनोज गोयल व गोपाल पंडित ने कहा कि शहर की दिन प्रतिदिन हालात नाजुक हो रहे हैं। हल्की सी बरसात होने पर उनको जलभराव की समस्या से जूझना पड़ रहा है। ऐेसे में प्रशासन व सरकार को शहर के विकास के लिए सोचना चाहिए। दैनिक यात्री रमजान, तौफीक, उमर मोहम्मद ने बताया कि शहर में अतिक्रमण के कारण सर्विस रोड पूरी तरह से बंद है। नालों की सफाई के लिए हर साल लाखों रुपये खर्च किए जाते हैं लेकिन धरातल पर कुछ नहीं है। ऐसे में सरकार को यहां पर विकास कार्य कराने चाहिए।

जिले में एक दो जगह पर सरसों आदि फसल में नुकसान की खबर है। हालांकि कई जगह पर बरसात से किसानों की फसलों का काफी लाभ मिला है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के फसल बीमा किसानों के लिए बहुत अनिवार्य है। किसी भी प्रकार के खराब मौसम से फसलों में होने वाले नुकसान की भरपाई आसानी से की जा सकती है। इसलिए किसान इस बारे में जरूर सोचेें।
- डॉ. अजीत सिंह, एसडीओ, कृषि विभाग
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed