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ग्रेटर नोएडा: प्लास्टर गिरने की सूचना पर निवासी को कारण बताओ नोटिस, एओए पर तानाशाही का आरोप
Fri, 03 Jul 2026 09:13 PM IST
अनुज कुमार
माई सिटी रिपोर्टर, ग्रेटर नोएडा
माई सिटी रिपोर्टर, ग्रेटर नोएडा
Published by: अनुज कुमार
Updated Fri, 03 Jul 2026 09:13 PM IST
सार
ग्रेटर नोएडा की एक सोसायटी में प्लास्टर गिरने के बाद घटना को सोशल मीडिया पर साझा करना एक निवासी को भारी पड़ा। सोसायटी के एओए कारण बताओ नोटिस जारी किया है। अब निवासी ने एओए पर तानाशाही का आरोप लगाते हुए न्यायालय जाने का निर्णय लिया है।
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गिरा प्लास्टर (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित रक्षा एडेला सोसाइटी में प्लास्टर गिरने की सूचना सोशल मीडिया पर साझा करना निवासी पर भारी पड़ गया है। एओए ने निवासी को कारण बताओ नोटिस जारी करके एक सप्ताह में जवाब मांगा है। जवाब नहीं देने पर एओए की शक्तियों का उपयोग करके कार्रवाई करने की बात कही है। वहीं निवासी ने एओए पर तानाशाही का आरोप लगाया है। निवासी अब एओए के खिलाफ कोर्ट में जाएगा।
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निवासी राहुल राज ने बताया कि बुधवार व बृहस्पतिवार दोनों दिन सोसाइटी में प्लास्टर गिरने की घटना हुई। निवासियों ने घटना के बाद एओए से मामले की शिकायत की। उसके बाद जिलाधिकारी मेधा रुपम से भी मुलाकात करने को पहुंचे। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से भी प्राधिकरण से कार्रवाई करने की मांग की। अब निवासियों की सुरक्षा की चिंता करना उन पर ही भारी पड़ गया है।
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एओए सचिव अंजनी कुमार पांडेय ने पत्र जारी करके आरोप लगाया गया है कि सोसाइटी से जुड़ी कुछ भ्रामक जानकारियां समाचार पत्रों व अन्य माध्यमों में प्रकाशित कराई गई हैं, जिससे सोसाइटी की छवि प्रभावित हुई है। पत्र में कहा गया है कि यदि किसी निवासी को कोई शिकायत या समस्या है तो उसे पहले एओए या मेंटेनेंस टीम के समक्ष रखा जाए, न कि सीधे सार्वजनिक मंचों पर।
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सोसाइटी में रह रहे 900 परिवार
एसोसिएशन का कहना है कि सोसाइटी में करीब 900 परिवार रहते हैं और बड़ी संख्या में निवेशकों ने अपनी जीवनभर की पूंजी यहां लगाई है। ऐसे में अपुष्ट या अधूरी जानकारी सार्वजनिक होने से न केवल सोसाइटी की प्रतिष्ठा बल्कि फ्लैटों के बाजार मूल्य पर भी असर पड़ सकता है।नोटिस के बाद निवासियों के बीच चर्चा तेज हो गई है।
कुछ लोगों का कहना है कि अगर सोसाइटी में सुरक्षा और रखरखाव से जुड़े गंभीर मुद्दे हैं, तो उन्हें उठाना गलत नहीं है। पिछले दिनों लगातार प्लास्टर गिरने की घटनाओं ने पहले ही निवासियों की चिंता बढ़ा रखी है। अब यह मामला सिर्फ रखरखाव तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि पारदर्शिता और अभिव्यक्ति के अधिकार बनाम सोसाइटी की छवि के बीच संतुलन का मुद्दा बनता दिख रहा है।
निवासी से केवल जानकारी मांगी गई है। सोसाइटी की एओए को कुछ भी नहीं बताया गया। यदि सोसाइटी में कोई घटना हो रही है तो उसे पहले एओए के सामने रखे जाने के लिए बोला गया है। सोसाइटी की छवि को खराब किया जा रहा है। - अंजनी कुमार पांडेय,एओए सचिव रक्षा एडेला