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Noida News: गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में पुलिस की दलीलें पड़ीं कमजोर, आरोपी दोषमुक्त
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- पुलिस ने निजामुद्दीन को चोरी करने वाले गिरोह का सदस्य बताते हुए कार्रवाई की थी
(अदालत से)
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। विशेष गैंगस्टर अदालत ने दादरी के निजामुद्दीन को संदेह का लाभ देकर दोषमुक्त कर दिया। अदालत ने कहा कि गैंगचार्ट में कई प्राथमिकी दर्ज होना मात्र किसी आरोपी को गैंगस्टर एक्ट में दोषी ठहराने के लिए पर्याप्त नहीं है।
मामले में पुलिस ने निजामुद्दीन को वाहन चोरी करने वाले गिरोह का सदस्य बताते हुए गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की थी। अभियोजन ने चार गवाह पेश किए। हालांकि अदालत ने पाया कि गवाहों के बयानों से अभियोजन का पूरा कथानक साबित नहीं हुआ। बरामदगी से जुड़े गवाह के बयान भी जिरह के दौरान विरोधाभासी सामने आए। जिन दो वाहन चोरी के मुकदमों में निजामुद्दीन का नाम सह-आरोपी के तौर पर सामने आया, उनमें उसे मौके से गिरफ्तार नहीं किया गया था। उससे बाइक बरामद नहीं हुई थी। उसके खिलाफ कोई हथियार, नकदी, मोबाइल या दस्तावेज भी बरामद नहीं हुआ। अभियोजन पक्ष यह साबित करने में पूरी तरह असफल रहा कि आरोपी किसी गिरोह का सदस्य था। इसलिए आरोपी को आरोप से दोषमुक्त कर दिया गया।
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(अदालत से)
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। विशेष गैंगस्टर अदालत ने दादरी के निजामुद्दीन को संदेह का लाभ देकर दोषमुक्त कर दिया। अदालत ने कहा कि गैंगचार्ट में कई प्राथमिकी दर्ज होना मात्र किसी आरोपी को गैंगस्टर एक्ट में दोषी ठहराने के लिए पर्याप्त नहीं है।
मामले में पुलिस ने निजामुद्दीन को वाहन चोरी करने वाले गिरोह का सदस्य बताते हुए गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की थी। अभियोजन ने चार गवाह पेश किए। हालांकि अदालत ने पाया कि गवाहों के बयानों से अभियोजन का पूरा कथानक साबित नहीं हुआ। बरामदगी से जुड़े गवाह के बयान भी जिरह के दौरान विरोधाभासी सामने आए। जिन दो वाहन चोरी के मुकदमों में निजामुद्दीन का नाम सह-आरोपी के तौर पर सामने आया, उनमें उसे मौके से गिरफ्तार नहीं किया गया था। उससे बाइक बरामद नहीं हुई थी। उसके खिलाफ कोई हथियार, नकदी, मोबाइल या दस्तावेज भी बरामद नहीं हुआ। अभियोजन पक्ष यह साबित करने में पूरी तरह असफल रहा कि आरोपी किसी गिरोह का सदस्य था। इसलिए आरोपी को आरोप से दोषमुक्त कर दिया गया।
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