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देश में सबसे कमाऊ होगा नोएडा एयरपोर्ट, एक लाख लोगों को मिलेगा रोजगार

Wed, 04 Dec 2019 11:23 PM IST
अमर शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा Published by: अमर शर्मा Updated Wed, 04 Dec 2019 11:23 PM IST
सार

  • अब तक किसी भी एयरपोर्ट से नहीं मिल रहा इतना लाभांश
  • प्राधिकरणों व प्रदेश की विकास परियोजनाओं को लगेंगे पंख
  • 1.6 लाख करोड़ रुपये का राजस्व छठे साल से सालाना मिलेगा
  • 50 लाख यात्री पहले साल से ही सफर करने का आकलन
  • ज्यूरिख कंपनी ने 400 रुपये प्रति यात्री देने की लगाई है बोली

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Noida Airport will earn highest profit in country, seven lakh people will get employment
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जेवर में प्रस्तावित नोएडा एयरपोर्ट बनने के बाद यह देश का सबसे कमाऊ एयरपोर्ट बन जाएगा। प्रति यात्री 400 रुपये लाभांश अभी तक किसी भी एयरपोर्ट से नहीं मिल रहा। अगर 2023 में उड़ान शुरू होती है तो छठे साल से 1.6 लाख करोड़ रुपये का सालाना राजस्व मिलने का आकलन है। इससे न सिर्फ तीनों प्राधिकरणों, बल्कि प्रदेश की विकास परियोजनाओं को पंख लग सकेंगे।
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दरअसल, नोएडा एयरपोर्ट का निर्माण करने के लिए ज्यूरिख एयरपोर्ट इंटरनेशनल एजी कंपनी ने सबसे ज्यादा लाभांश देने की बोली लगाई है। यह अब तक का सर्वाधिक लाभांश है। वैसे तो प्रति यात्री लाभांश पर यह पहला ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट है, लेकिन कई ब्राउन फील्ड एयरपोर्ट पहले से इसी पैटर्न पर चल रहे हैं। उनका संचालन करने वाली कंपनियां 160 रुपये से 303 रुपये प्रति यात्री के हिसाब से सरकार को लाभांश का भुगतान कर रही हैं। 
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जानकार बताते हैं कि ज्यूरिख कंपनी एयरपोर्ट बनाने वाली विश्व की टॉप तीन कंपनियों में से एक है। इसके आने से एयरपोर्ट का निर्माण शीघ्र शुरू होने और तय समय 2023 पर उड़ान शुरू हो सकेगा। उसके छह साल बाद यानी 2029 से लाभांश मिलने का आकलन है। नोएडा एयरपोर्ट की कंसलटेंट कंपनी प्राइस वाटरहाउस कूपर्स (पीडब्ल्यूसी) की तरफ से नोएडा एयरपोर्ट की तैयार रिपोर्ट के मुताबिक उड़ान से पहले साल में ही करीब 50 लाख यात्रियों के हर साल सफर करने का आकलन है।
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इस हिसाब से करीब 1.6 लाख करोड़ रुपये सालाना आमदनी की उम्मीद है। यह रकम नोएडा, ग्रेटर नोएडा व यमुना प्राधिकरण और प्रदेश को उनकी हिस्सेदारी के अनुसार मिलने लगेगी। जानकारों का मानना है कि यह रकम इतनी अधिक है प्रदेश में विकास परियोजनाएं भी उड़ान भरने लगेंगी। साथ ही, प्राधिकरणों को भी पैसों की कमी नहीं रहेगी। बता दें कि एयरपोर्ट की बिड में इसका उल्लेख है कि जिस कंपनी का चयन होगा उसे उड़ान शुरू होने के छह साल तक छूट काल मिलेगा। उसके बाद कंपनी लाभांश का भुगतान करेगी। 

एयरपोर्ट                    लाभांश रुपये प्रति यात्री
भोगापुरम, आंध्रप्रदेश            303
दिल्ली                               268
मुंबई                                 274
अहमदाबाद                        177
जयपुर                              174
लखनऊ                            171
तिरुअनंतपुरम                   168
गुवाहाटी                           160
 

नोएडा एयरपोर्ट एक लाख लोगों को मिलेगा रोजगार

Noida Airport will earn highest profit in country, seven lakh people will get employment
JEWAR AIRPORT
नोएडा एयरपोर्ट बनने का रास्ता साफ होते ही एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लाखों युवाओं के लिए रोजगार के द्वार खुल जाएंगे। यमुना प्राधिकरण सिटी में ही करीब 126 उद्योग अब तक जमीन ले चुके हैं, जिनसे करीब छह लाख रोजगार के अवसर मिलेंगे। ग्रेटर नोएडा में लगने वाले उद्योग इससे अलग हैं। उनमें भी बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार मिल सकेगा। वहीं, एयरपोर्ट के अंदर ही एक लाख लोगों को रोजगार मिलेगा। 

दरअसल, टैक्सटाइल्स की 102 इकाइयों ने यमुना प्राधिकरण से जमीन मांगी थी। अब पर्याप्त आवेदन आने व पैसा जमा करने से क्लस्टर बनने का रास्ता साफ हो गया है। यमुना प्राधिकरण (यीडा) की अगली बोर्ड बैठक में इस क्लस्टर पर मुहर लग जाएगी। इसमें करीब 10 हजार करोड़ रुपये का निवेश होगा और एक लाख युवाओं को रोजगार मिलेगा। ज्यादातर रोजगार महिलाओं के लिए होंगे। इन कंपनियों ने कुल जमीन की कीमत की 10 फीसदी रकम के साथ डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) भी जमा कर दी है।

इनके अलावा मोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, मल्टी मीडिया आदि से जुड़ी 24 कंपनियां भी नोएडा में जमीन ले चुकी हैं। इन्होंने भी 10 फीसदी रकम जमा कर दी है। इनमें डीएस ग्रुप, लावा, न्यूजन ग्रुप, परम डेयरी, बीकानेर फूड, रामसंस और यथार्थ हॉस्पिटल आदि शामिल हैं। इसके अलावा कई नामचीन कंपनियां यीडा में उद्योग लगाने की प्रक्रिया में हैं।

दिल्ली से नजदीक और ईस्टर्न पेरिफेरल व यमुना एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी के कारण जमीन देखने आ रहे प्रतिनिधियों को किसी भी शहर की तुलना में यहां की लोकेशन सबसे अच्छी लग रही है, इसीलिए उत्पादन इकाइयों के साथ ही मेडिकल कॉलेज, रिसर्च इंस्टीट्यूट, हॉस्पिटल, कॉरपोरेट ऑफिस व टाउनशिप के लिए भी निवेशक नजरें गड़ाए हैं। इनसे भी करीब एक लाख युवाओं को रोजगार मिलने का प्रस्ताव है। इन सभी कंपनियों से कुल 1000 करोड़ रुपये मिलेंगे। ज्यादातर कंपनियों को जमीन आवंटन 2018 से अब तक की अवधि में किया गया है। 

एयरपोर्ट में ही एक लाख लोगों को मिलेगा रोजगार
नोएडा एयरपोर्ट से न सिर्फ आसपास निवेश बढ़ेगा, बल्कि एयरपोर्ट में ही सीधे तौर पर एक लाख से ज्यादा युवाओं को रोजगार मिल सकेगा। नियाल के नोडल अफसर शैलेंद्र भाटिया ने बताया कि एयरपोर्ट के निर्माण से लेकर संचालन तक एक लाख से ज्यादा युवाओं को रोजगार मिलने के आसार हैं। निर्माण के साथ ही इसकी शुरुआत भी हो जाएगी। 
 
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