Monkeypox in Delhi: राजधानी में मिला मंकीपॉक्स का एक और मरीज, 31 वर्षीय महिला में संक्रमण की पुष्टि
राजधानी में मंकीपॉक्स का चौथा मरीज मिला है। मंकीपॉक्स के बढ़ते खतरों को देखते हुए केजरीवाल सरकार ने कमर कस ली है। बीमारी के प्रसार को रोकने, परीक्षण किट और टीका विकसित करने पर केंद्र सरकार काम भी कर रही है।
विस्तार
मंकीपॉक्स का एक और नया मामला सामने आने के बाद दिल्ली में मरीजों की संख्या बढ़कर चार हो गई है। नाइजीरियाई मूल की 31 वर्षीय महिला संक्रमित पाई गई है। हालांकि मरीज के बारे में फिलहाल यह पता नहीं है कि उसने हाल में विदेश यात्रा की है या नहीं। वह देश में मंकीपॉक्स की पहली महिला मरीज है। उधर, एक मरीज के ठीक होने के बाद उसे घर भेज दिया गया है। मंकीपॉक्स से पीड़ित महिला को बुखार और त्वचा पर घाव के लक्षण दिखने के बाद उसके नमूनों को जांच के लिए भेजा गया था। संक्रमित पाए जाने पर उसे लोक नायक जयप्रकाश अस्पताल(एलएनजेपी)में भर्ती कराया गया है।
मंकीपॉक्स के लिए तीन सरकारी और तीन निजी अस्पतालों में आइसोलेशन रूम आरक्षित
सरकार ने शहर में तीन सरकारी व तीन निजी अस्पतालों में आइसोलेशन रूम आरक्षित करने का निर्णय लिया है। इसके तहत लोकनायक जयप्रकाश (LNJP) अस्पताल में 20 आइसोलेशन रूम, गुरुतेग बहादुर अस्पताल व डॉ. बाबा साहेब आंबेडकर अस्पताल में 10-10 आइसोलेशन रूम आरक्षित किए गए हैं। निजी अस्पतालों में कैलाश दीपक अस्पताल, एमडी सिटी अस्पताल व बत्रा हॉस्पिटल तुगलकाबाद में भी 10-10 आइसोलेशन रूम की व्यवस्था की गई है।
केरल में अब तक मिले पांच संक्रमित
केरल में पिछले महीने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से लौटा 30 वर्षीय एक व्यक्ति मंकीपॉक्स से संक्रमित पाया गया था। जिसके साथ ही राज्य में इस वायरस से संक्रमित लोगों की कुल संख्या पांच हो गई है। राज्य की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने मंगलवार को कहा कि उक्त व्यक्ति 27 जुलाई को कालीकट हवाई अड्डे पर उतरा था और मलप्पुरम जिले में एक अस्पताल में उसका इलाज चल रहा है। मंत्री ने कहा कि उसकी हालत स्थिर है। उसके माता-पिता और संपर्क में आए अन्य लोगों पर नजर रखी जा रही है। यह राज्य में मंकीपॉक्स का पांचवां मामला है। मंत्री ने कहा कि मंकीपॉक्स के पहले रोगी को अस्पताल से छुट्टी दी जा चुकी है और अन्य की हालत स्थिर है।
मंकीपॉक्स के बढ़ते मामलों के बीच केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने ‘क्या करें और क्या न करें’ से जुड़ी सूची जारी करें। इसके मुताबिक...
- यदि कोई लंबे समय तक संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आता है, तो वह भी संक्रमित हो सकता है।
- संक्रमण से बचने के लिए संक्रमित व्यक्ति को आइसोलेट करना चाहिए।
- हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल, साबुन और पानी से हाथ धोना, मास्क पहनना तथा दस्ताने पहने जा सकते हैं। इससे संक्रमण से बचने में मदद मिलेगी।
- संक्रमित लोगों के रुमाल, बिस्तर, कपड़े, तौलिए और अन्य वस्तुओं का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
- संक्रमित मरीज और गैर-संक्रमित व्यक्तियों के गंदे कपड़े एक साथ नहीं धोए जाएं।
- सार्वजनिक कार्यक्रमों से संक्रमित व्यक्ति को दूर रखा जाए।
- संक्रमितों और संदिग्ध रोगियों से भेदभाव न करें और अफवाहों से बचें।