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संयुक्त किसान मोर्चा की सरकार को चेतावनी- यूपी में भी करेंगे टोल फ्री
Sun, 14 Feb 2021 06:02 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, साहिबाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, साहिबाबाद
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sun, 14 Feb 2021 06:02 AM IST
सार
- 18 को यूपी समेत पूरे देश में रेल रोको आंदोलन को बनाया जाएगा सफल
- मोर्चा के बलबीर सिंह राजेवाल का आह्वान
- पीएम द्वारा आंदोलनजीवी परजीवी कहने पर किसानों ने की निंदा
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Ghazipur Border
- फोटो : Amar Ujala
विस्तार
कृषि कानूनों के खिलाफ शनिवार को यूपी गेट पर संयुक्त किसान मोर्चा ने केंद्र सरकार को चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी तो पंजाब, राजस्थान के बाद यूपी के टोल प्लाजा को भी फ्री किया जाएगा। 18 फरवरी को यूपी समेत पूरे देश में चार घंटे तक रेल रोको आंदोलन चलाया जाएगा। उन्होंने किसानों के परिवार और रिश्तेदारों से भी आंदोलन के लिए समर्थन मांगा है। बलबीर सिंह राजेवाल ने कहा कि पीएम द्वारा किसानों को आंदोजलनजीवी कहने से दुख हुआ। किसान नेताओं ने कहा कि वह 19 फरवरी को छत्रपति शिवाजी की जयंती मनाएंगे। वहीं, राकेश टिकैत ने कहा कि अब दिल्ली की तरह किसान भी एसी में सोएगा।
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संयुक्त किसान मोर्चा के दर्शनपाल, बलबीर सिंह राजेवाल, गुरनाम सिंह चढूनी और राकेश टिकैत ने किसानों को संबोधित करने के बाद शनिवार को प्रेस वार्ता की। दर्शनपाल ने कहा कि यूपी, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा के बाद पूरे देश में कृषि कानूनों का विरोध हो रहा है। सरकार के साथ 11 दौर की वार्ता हो गई मगर फिर भी कानूनों में काला नहीं दिख रहा। उन्होंने कहा कि किसान यह आंदोलन न्यूनतम समर्थन मूल्य, स्वामीनाथन आयोग की कमेटी की रिपोर्ट को लागू करने के लिए कर रहे हैं।
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सरकार कोरोना के बीच लाए गए कृषि कानूनों, बिजली बिल 2020 व पराली के मुद्दे को हटाए। जब तक सरकार ये कानून वापस नहीं लेती तब तक आंदोलन चलता रहेगा। उन्होंने केंद्र सरकार को चेतावनी दी कि 26 नवंबर को किसान सिंघु बॉर्डर और गाजीपुर गॉर्डर पर आए थे। इसके बाद यह आंदोलन सिर्फ पंजाब का नहीं, बल्कि पूरे देश में पहुंच गया है। यदि तीनों कानून वापस नहीं हुए तो पंजाब और राजस्थान के बाद यूपी के टोल भी फ्री किए जाएंगे।
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वहीं बलबीर सिंह राजेवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री पहले हमें अन्नदाता कहते थे, अब आंदोलन करने पर हमें आंदोलनजीवी कह रहे हैं। उन्होंने सरकार को सख्त चेतावनी दी कि किसान अगर ज्यादा गुस्सा हो गया तो फिर पूरे देश के लोग भूखे रह जाएंगे। इसलिए किसानों को ऐसी स्थिति के लिए मजबूर न करें। उधर, भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि अब आंदोलन गर्मी में भी चलेगा। किसान इस बात की चिंता ना करें।