आप के मंत्री कम उम्र में देना चाहते हैं शराब पीने का अधिकार
दिल्ली सरकार में पर्यटन मंत्री कपिल मिश्रा ने शराब पीने की आयु को कम करने की बात को अपना समर्थन दिया है। गौरतलब है कि दिल्ली में शराब पीने की कानूनी उम्र 25 साल है और कपिल मिश्रा ने इसे कम करके 21 साल करने की बात कही है।
कपिल मिश्रा का कहना है कि अगर कोई व्यक्ति 18 साल में वोट दे सकता है और शादी जैसा बड़ा फैसला ले सकता है तो शराब पीने का फैसला तो उसका अपना है। इसे कम किया जाना चाहिए और 21 वर्ष कर दिया जाना चाहिए।
कपिल का कहना है कि शराब पीने की उम्र बढ़ाकर पुलिस युवाओं को प्रताड़ित करती है और इसी से भ्रष्टाचार पनपता है। इसके साथ ही रेस्टोरेंट मालिकों या कारोबारियों को भी काफी परेशानी होती है। बता दें कि कपिल ने रेस्टोरेंट मालिकों से मुलाकात कर ये बात कही।
'बीजेपी कल्चर दांव पर लगा चुकी है'
शराब पीने की उम्र को कम किए जाने की बात को लेकर विपक्ष के विरोधी स्वर के बारे में कपिल ने कहा कि, विपक्ष हमारे ऊपर सवाल उठाने से पहले उन राज्यों में देखे जहां उनका ही शासन है और वहां इसकी उम्र 25 साल से कम है।
कपिल बोले कि अगर बीजेपी को लगता है उम्र कम करने से कल्चर दांव पर लगता है तो देवेंद्र फणनवीस महाराष्ट्र में कल्चर दांव पर लगा रहे हैं। एमपी में शिवराज चौहान और हरियाणा में खट्टर साहब कल्चर को दांव पर लगा चुके हैं। इन राज्यों में शराब पीने की न्यूनतम आयु 21 वर्ष है।
कपिल ने आगे कहा कि एक निश्चित आयु के बाद हर व्यक्ति अपने फैसले लेने में सक्षम हो जाता है। उस उम्र के बाद सरकार को उसके व्यक्तिगत जीवन में दखल नहीं देना चाहिए।
'सरकार के पास नहीं आया कोई प्रस्ताव'
उधर, डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया ने कहा कि अभी तक सरकार के पास ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं आया है। कपिल जी ने पर्यटन मंत्री के तौर पर कहा है।
सिसोदिया ने आगे कहा कि प्रस्ताव आयेगा तो विचार किया जाएगा। पर ये लोगों का निजी मामला है कि कोई क्या करे। सरकार का काम है एक सुरक्षित माहौल प्रदान करना लोग क्या करते हैं क्या नहीं ये उनकी मर्जी है।
वहीं दिल्ली भाजपा के अध्यक्ष सतीश उपाध्याय ने कहा कि सरकार ये सब अपनी जेब भरने के लिए कर रही है और इससे अपराध में बढ़ोतरी होगी।