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एसटीपी का पानी नालों में, आग बुझेगी ग्राउंड वाटर से
ब्यूरो/अमर उजाला, गाजियाबाद
Updated Wed, 04 May 2016 01:26 AM IST
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जलभराव से भदौलपुरवासी परेशान
- फोटो : अमर उजाला
पानी की किल्लत के चलते नगर निगम लोगों की प्यास ही नहीं बुझा पा रहा, अब फायर बिग्रेड ने भी उससे पानी की डिमांड की है। ट्यूबवेलों और ओवरहेड टैंक में एडॉप्टर लगाने की मांग की गई है।
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यानी करोड़ों लीटर पीने का पानी आग बुझाने में बर्बाद हो जाएगा। दूसरी तरफ, नगर निगम के एसटीपी से करोड़ों लीटर पानी प्रतिदिन ट्रीटमेंट के बाद नालों में बहा दिया जाता है। खराब प्लानिंग और अदूरदर्शिता की वजह से एसटीपी के पानी को नालों में बहाकर स्वच्छ ग्राउंड वाटर से आग बुझाने के लिए योजना तैयार की जा रही है।
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गर्मी में आग लगने की घटनाएं बढ़ने के चलते फायर ब्रिगेड विभाग के अफसरों ने नगर आयुक्त को पत्र लिखकर आठ स्थानों पर तत्काल एडॉप्टर/फ्लैंच लगाने की मांग की है। उन्होंने सभी ट्यूबवेलों पर पंप ऑपरेटर 24 घंटे तैनात करने की भी मांग की थी, ताकि किसी भी वक्त पानी लिया जा सके।
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नगर आयुक्त ने जलकल विभाग को एडॉप्टर लगाने के निर्देश भी दे दिए हैं। मगर शहर में चार बड़े एसटीपी के पानी के इस्तेमाल पर मंथन नहीं किया गया। एसटीपी के पानी का इस्तेमाल आग बुझाने में काम लिया जाए तो हर महीने करोड़ों लीटर पीने का पानी बचाया जा सकता है।