{"_id":"58dbde804f1c1bc96863e8c9","slug":"fierce-heat-global-warming-in-march","type":"story","status":"publish","title_hn":"मार्च में भीषण गर्मी, ग्लोबल वार्मिंग की आहट ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मार्च में भीषण गर्मी, ग्लोबल वार्मिंग की आहट
अमर उजाला, गाजियाबाद
Updated Wed, 29 Mar 2017 11:17 PM IST
विज्ञापन
बढ़ती गर्मी के बीच औद्योगिक नगरी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गाजियाबाद। मौसम में तेजी से बदलाव हो रहा है। मार्च में ही पारा 40 के करीब पहुंच गया है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि मौसम में इतनी तेजी से उतार चढ़ाव ग्लोबल वार्मिंग के संकेत हैं। पहले मौसम में धीरे-धीरे बदलाव आता था, लेकिन अब अचानक कभी तेज गर्मी तो कभी मौसम ठंडा हो जाता है।
विज्ञापन
मार्च महीने में 40 डिग्री के पार पहुंच गया है। मार्च महीने में इतनी गर्मी से फसलों पर भी बुरा असर पड़ेगा। 31 मार्च को इस महीने का सबसे गर्म दिन रहेगा। उस दिन अधिकतम तापमान 41 डिग्री के करीब रहेगा, जोकि मार्च का सबसे अधिक तापमान होगा।
विज्ञापन
मौसम विशेषज्ञ डॉ. विवेकराज सिंह के अनुसार मार्च में तापमान का इतना बढ़ना हर तरह से नुकसानदायक है। अगर तापमान में यही तेजी रही तो गेंहू की फसलों पर बुरा असर पड़ेगा। गेंहूं के दाने छोटे रह जाएंगे।
विज्ञापन
इसके अलावा अन्य फसल भी बर्बाद होंगी। उन्होंने बताया कि मौसम में इस तरह के यकायक उतार-चढ़ाव ग्लोबल वार्मिंग के ही संकेत हैं। पहले मौसम धीरे-धीरे बदलता था । अब मौसम में अचानक से बदलाव आता है। अभी एक हफ्ते पहले मौसम में ठंडक थी और अचानक से तापमान काफी बढ़ गया है।