{"_id":"5e3f56698ebc3ee616763556","slug":"delhi-assembly-election-2020-elderly-and-young-people-all-voted-in-excitement","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिल्ली चुनावः बुजुर्ग और जवान, सबने जमकर किया मतदान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिल्ली चुनावः बुजुर्ग और जवान, सबने जमकर किया मतदान
Sun, 09 Feb 2020 06:16 AM IST
संजीव कुमार झा
शुजात आलम, अमर उजाला, नई दिल्ली
शुजात आलम, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Sun, 09 Feb 2020 06:16 AM IST
विज्ञापन
दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सुबह के करीब साढ़े सात बजे रहे थे। शाहीन बाग के शाहीन पब्लिक स्कूल के बाहर मतदाताओं की भीड़ जुटने लगी थी। भीड़ को देखते हुए सुरक्षा बलों ने भी समय से पहले वोट डालने आए लोगों को मतदान केंद्र से कुछ दूर ही रोक दिया। आठ बजते ही वोटरों को मतदान केंद्र में प्रवेश दिया गया।
विज्ञापन
देखते ही देखते पोलिंग बूथों पर लंबी-लंबी कतारें लग गईं। कमोबेश, यही हाल शाहीन बाग के मौलाना अबुल कलाम आजाद स्कूल और ओखला मॉर्डन पब्लिक स्कूल शाहीन बाग का भी था। दिन चढ़ने के साथ मतदान केंद्रों पर लोगों की भीड़ जुटती चली गई। स्थानीय लोगों का कहना था कि मताधिकार ही उनकी ताकत है। सीएए और एनआरसी लाकर मौजूदा सरकार साजिश के तहत उन्हें अधिकारों से वंचित करना चाहती है।
विज्ञापन
शाहीन बाग में नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी को लेकर पहले दिन से विरोध प्रदर्शन कर रही दादी सरवरी ने बताया कि दिन निकलते ही वह वोट डालने के लिए तैयार हो गई थीं। उनका वोट मौलाना अबुल कलाम आजाद स्कूल में था। करीब सवा सात बजे वह वहां पहुंच गई, लेकिन वहां जाकर पता चला कि वोटिंग आठ बजे से शुरू होगी। इंतजार के बाद आठ बजे उन्होंने वोट डाला।
विज्ञापन
जामिया के एजुकेशन डिपार्टमेंट में प्रोफेसर जसीम अहमद ने बताया कि वह ओखला मॉर्डन स्कूल में सुबह से लाइन में लगे थे। दो घंटे से अधिक समय बीतने के बाद भी उनका नंबर नहीं आ पाया। शाहीन पब्लिक स्कूल में एक ओर महिलाओं और दूसरी ओर पुरुषों की करीब पांच-पांच सौ मीटर लंबी लाइन थीं।
ओखला विधानसभा में एमसी स्कूल अबुल फजल, यूपी प्रोजेक्ट स्कूल, एमसी स्कूल ओखला, बटला हाउस, सेंट गिरी स्कूल, जामिया मिडिल स्कूल और जामिया यूनिवर्सिटी कैंपस के मतदान केंद्रों में भी यही हालत थी।