{"_id":"69d3bb8cf56e13a6e101a1fc","slug":"dda-will-remove-encroachment-from-its-land-delhi-ncr-news-c-340-1-del1011-131113-2026-04-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: डीडीए अपनी जमीन से हटाएगा अतिक्रमण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: डीडीए अपनी जमीन से हटाएगा अतिक्रमण
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। डीडीए ने अपनी जमीनों पर अवैध कब्जों को रोकने के लिए योजना बनाई है। इसके तहत रोहिणी जोन में खाली पड़ी डीडीए की जमीनों की निगरानी और अतिक्रमण हटाया जाएगा।
इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य रोहिणी क्षेत्र में खाली पड़ी डीडीए भूमि को सुरक्षित रखना, अवैध निर्माणों को हटाना और भविष्य में अतिक्रमण की संभावनाओं को कम करना है। इसके तहत डेमोलिशन (तोड़फोड़) अभियान भी चलाया जाएगा। इसके लिए आधुनिक मशीनरी, उपकरण, परिवहन और श्रमिकों की सहायता ली जाएगी। इसके अलावा मलबे का निस्तारण भी किया जाएगा। यह योजना एक साल के लिए लागू की जाएगी। इस दौरान चयनित एजेंसी को लगातार निगरानी, कार्रवाई और सफाई का कार्य करना होगा। इस पर करीब 77 लाख रुपये खर्च होंगे।
अवैध कब्जों पर लगेगा अंकुश
रोहिणी क्षेत्र में पिछले कुछ समय से खाली पड़ी सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जों की शिकायतें बढ़ रही थीं। कई जगह अस्थायी झुग्गियां, अवैध निर्माण और कूड़ा फेंकने के मामले भी सामने आए हैं। इसको ध्यान में रखते हुए योजना बनाई गई है। संबंधित भूमि का विकास कार्यों के लिए उपयोग भी किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
नई दिल्ली। डीडीए ने अपनी जमीनों पर अवैध कब्जों को रोकने के लिए योजना बनाई है। इसके तहत रोहिणी जोन में खाली पड़ी डीडीए की जमीनों की निगरानी और अतिक्रमण हटाया जाएगा।
इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य रोहिणी क्षेत्र में खाली पड़ी डीडीए भूमि को सुरक्षित रखना, अवैध निर्माणों को हटाना और भविष्य में अतिक्रमण की संभावनाओं को कम करना है। इसके तहत डेमोलिशन (तोड़फोड़) अभियान भी चलाया जाएगा। इसके लिए आधुनिक मशीनरी, उपकरण, परिवहन और श्रमिकों की सहायता ली जाएगी। इसके अलावा मलबे का निस्तारण भी किया जाएगा। यह योजना एक साल के लिए लागू की जाएगी। इस दौरान चयनित एजेंसी को लगातार निगरानी, कार्रवाई और सफाई का कार्य करना होगा। इस पर करीब 77 लाख रुपये खर्च होंगे।
विज्ञापन
अवैध कब्जों पर लगेगा अंकुश
रोहिणी क्षेत्र में पिछले कुछ समय से खाली पड़ी सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जों की शिकायतें बढ़ रही थीं। कई जगह अस्थायी झुग्गियां, अवैध निर्माण और कूड़ा फेंकने के मामले भी सामने आए हैं। इसको ध्यान में रखते हुए योजना बनाई गई है। संबंधित भूमि का विकास कार्यों के लिए उपयोग भी किया जाएगा।
विज्ञापन