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मनोवैज्ञानिक ने किया दावा, शॉपिंग को डिप्रेशन की डोज बना रहे युवा 

Mon, 02 Sep 2019 08:20 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal Updated Mon, 02 Sep 2019 08:20 AM IST
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youth become shopaholic for overcome from depression
संवाद में मौजूद महिलाएं - फोटो : अमर उजाला

शॉपिंग जरूरत से ज्यादा लत बन गई हैं। यह कहना है मनोवैज्ञानिक डॉ. वीना कृष्णन का। अमर उजाला अपराजिता महाअभियान तहत आयोजित ‘संवाद’ कार्यक्रम में उन्होंने बताया कि ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट व मॉल्स में मिलने वाले ऑफर के चलते युवा वर्ग इसकी गिरफ्त में आ रहा है।

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अगर किसी भी उत्पाद पर छूट मिल रही हो उसे तुरंत बुक कर लेते हैं। फिर चाहे उन्हें इसकी जरूरत हो या न हो। स्थिति ये है कि 10 में से 3 युवा खरीददारी की लत से ग्रस्त हैं। इसका सबसे ज्यादा असर 22-30 आयु वर्ग के युवाओं में देखा जा रहा है। 
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‘शॉपोहोलिक’ (खरीददारी की बीमारी)

शुक्रवार को अमर उजाला अपराजिता महाअभियान 100 मिलियन स्माइल्स के तहत पटेलनगर स्थित कार्यालय में ‘शॉपोहोलिक’ (खरीददारी की बीमारी) थीम पर संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें काफी महिलाओं ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि मनोवैज्ञानिक डॉ. वीना कृष्णन ने शिरकत की। उन्होंने बताया कि लोगों ने शॉपिंग को तनावमुक्त रहने का जरिया बना लिया है। खासकर युवा वर्ग ने। पहले जरूरत, फिर शौक, अब ऑनलाइन शॉपिंग लत बनती जा रही है।

तथाकथित छूट के लालच में वह वस्तुएं भी मंगाई जा रही हैं जिनकी जरूरत नहीं। शॉपिंग की लत ने बहुतों सी महिलाओं को ‘मनोरोगी’ बना दिया है। यह बीमारी ‘कंपल्सिव बाइंग डिसऑर्डर’ है। काफी महिलाएं दिन-रात ऑनलाइन साइट पर यही तलाशती रहती हैं कुछ सस्ता मिल जाए या किस-किस वस्तु पर क्या ऑफर चल रहा है। ऐसी महिलाएं अनजाने में ही इन साइटों की पब्लिसिटी भी कर रही हैं। कार्यक्रम में कई अन्य महिलाओं ने विचार व्यक्त किए।

इस मौके पर भावना अभिज्ञान, गीता आहुजा, कुसुम गुप्ता, मंजू गुप्ता, किरन, सीमा जौहर, मोनिका कश्यप, शोभा नेगी, प्रियंका राणा, सोनिया सैनी, सुमन समेत अन्य लोग मौजूद रहीं।  

ऐसे बचें 

मनुष्य में बढ़ते तनाव को योगाभ्यास से भी दूर किया जा सकता है। महिलाएं दिनभर घर में काम करके तनाव में आ जाती हैं। ऐसे में खरीदारी कर तनाव को दूर करने का प्रयास करती हैं। ऐसी महिलाओं को योग करना चाहिए। - सीमा जौहर, योग शिक्षिका, पतंजलि योगपीठ 

महिलाओं को अपने मस्तिष्क को कंट्रोल करना चाहिए। शॉपिंग की लत से बचने के लिए जरूरी है वह अपने लिए समय निकालें। उस समय में वह अपना पसंदीदा काम करें। ज्यादा से ज्यादा खुश रहने की कोशिश करें। - डॉ. स्वाति मिश्रा, मनोवैज्ञानिक

इससे बचने के लिए...
- सुबह योग करना चाहिए।
- अगर अकेले हैं तो सबसे पहले दोस्त बनाएं और उससे अपनी बातें साझा करें। 
- आपने तीन महीनों में जो शॉपिंग की है उसे बेड पर रखें और देखे कि क्या आपने अभी तक इस्तेमाल किया। अब आगे खरीददारी करने की ज्यादा आवश्यकता है। 
- अपनी परेशानी को परिवार में साझा करें। 
- अगर आप इस पर काबू नहीं कर पा रहे तो काउंसिलिंग कराएं। 

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