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दुल्हनी नदी के निर्माणाधीन पुल पर जल्द शुरू होगा काम
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दुल्हनी नदी पर निर्माणाधीन पुल।
देहरादून। दुल्हनी नदी (मियांवाला) पर प्रस्तावित पुल का डिजाइन न बनने के कारण सालभर तक निर्माण अटका रहा। इसके कारण क्षेत्र के हजारों लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बहरहाल अब पीडब्ल्यूडी के इंजीनियरों ने इसका डिजाइन फाइनल कर दिया है।
मियांवाला और मोहकमपुर क्षेत्र के बीच दुल्हनी नदी पड़ती है। बरसात में अक्सर यहां जलस्तर बढ़ने से लोग आवाजाही नहीं कर पाते। वर्ष 2013 में तत्कालीन मुख्यमंत्री ने इस नदी पर पुल बनाने की घोषणा की थी। इस पर क्षेत्रीय विधायक उमेश शर्मा काऊ की निधि से इस पुल का निर्माण होना तय हुआ था। इसके लिए 2.77 करोड़ रुपये का बजट भी प्रस्तावित कर दिया गया। इसके तहत पीडब्ल्यूडी के अस्थाई निर्माण खंड ऋषिकेश को 30 मीटर लंबे स्पान प्रीस्ट्रेस पुल और 66 मीटर लंबा आरसीसी डक्ट बनाना था। वर्ष 2017 में पुल के प्रस्ताव के बाद यहां निर्माण शुरू होना था, लेकिन इसी बीच इसके डिजाइन को लेकर आपत्ति लग गई। इससे इस पुल का निर्माण कार्य शुरू ही नहीं हो पाया। इसे लेकर स्थानीय लोगों ने कई स्तर पर अपनी शिकायत दर्ज कराई, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। अब क्षेत्रीय विधायक का कहना है कि पुल का डिजाइन तैयार हो गया है।
जमीन अधिग्रहण का भी पैसा नहीं
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस पुल के लिए दोनों ओर जमीन अधिग्रहीत की गई थी। इसका पैसा भी उन्हें नहीं मिला है। इसके लिए लोगों ने अब सरकार से भी शिकायत करने की बात कही है।
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पहले डिजाइन तैयार नहीं था तो एक साल तक पुल का निर्माण रुका रहा। अब डिजाइन तैयार हो गया है, लिहाजा बरसात के बाद इस पर तेजी से काम शुरू किया जाएगा।
-उमेश शर्मा काऊ, क्षेत्रीय विधायक
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मियांवाला और मोहकमपुर क्षेत्र के बीच दुल्हनी नदी पड़ती है। बरसात में अक्सर यहां जलस्तर बढ़ने से लोग आवाजाही नहीं कर पाते। वर्ष 2013 में तत्कालीन मुख्यमंत्री ने इस नदी पर पुल बनाने की घोषणा की थी। इस पर क्षेत्रीय विधायक उमेश शर्मा काऊ की निधि से इस पुल का निर्माण होना तय हुआ था। इसके लिए 2.77 करोड़ रुपये का बजट भी प्रस्तावित कर दिया गया। इसके तहत पीडब्ल्यूडी के अस्थाई निर्माण खंड ऋषिकेश को 30 मीटर लंबे स्पान प्रीस्ट्रेस पुल और 66 मीटर लंबा आरसीसी डक्ट बनाना था। वर्ष 2017 में पुल के प्रस्ताव के बाद यहां निर्माण शुरू होना था, लेकिन इसी बीच इसके डिजाइन को लेकर आपत्ति लग गई। इससे इस पुल का निर्माण कार्य शुरू ही नहीं हो पाया। इसे लेकर स्थानीय लोगों ने कई स्तर पर अपनी शिकायत दर्ज कराई, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। अब क्षेत्रीय विधायक का कहना है कि पुल का डिजाइन तैयार हो गया है।
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जमीन अधिग्रहण का भी पैसा नहीं
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस पुल के लिए दोनों ओर जमीन अधिग्रहीत की गई थी। इसका पैसा भी उन्हें नहीं मिला है। इसके लिए लोगों ने अब सरकार से भी शिकायत करने की बात कही है।
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पहले डिजाइन तैयार नहीं था तो एक साल तक पुल का निर्माण रुका रहा। अब डिजाइन तैयार हो गया है, लिहाजा बरसात के बाद इस पर तेजी से काम शुरू किया जाएगा।
-उमेश शर्मा काऊ, क्षेत्रीय विधायक