जेल में भी कम नहीं बिना पासपोर्ट पकड़ी गई पाक मूल की फरीदा के तेवर, खुफिया एजेंसियां सतर्क
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बिना पासपोर्ट और वीजा के 12 जुलाई को नेपाल से बनबसा के रास्ते भारत आते समय पकड़ी गई पाकिस्तान मूल की अमेरिकी नागरिक फरीदा मलिक (50) पुत्री सुल्तान मलिक जेल में भी सही व्यवहार नहीं कर रही है। अब उसके भारत आने के मकसद की खुफिया एजेंसियां स्थानीय पुलिस और जिला प्रशासन हर पहलू से जांच कर रही है।
जानकारी के मुताबिक लोहाघाट जेल में भी फरीदा अकड़ में थी। इसके चलते लोहाघाट की महिला एसडीएम शिप्रा जोशी को जेल भेज फरीदा को समझाया गया। लोहाघाट जेल में इस वक्त वह अकेली महिला कैदी है। उसे महिला वार्ड में रखा गया है। उसके अलावा जेल में 30 अन्य कैदी हैं।
खुफिया एजेसियों की मानें तो अभी उसके हनी ट्रैपिंग से जुड़े होने के संकेत नहीं मिले हैं। फरीदा को 13 जून को 26 जून तक न्यायिक हिरासत लोहाघाट जेल भेजा गया है। डीएम सुरेंद्र नारायण पांडेय ने बताया कि अमेरिकी नागरिक फरीदा मलिक के बारे में दिल्ली स्थित अमेरिकी दूतावास को जानकारी दे दी गई है।
फरीदा के खिलाफ पूर्व में जारी किसी तरह के लुकआउट नोटिस का मामला उनके संज्ञान में नहीं है। पाक मूल की नागरिक होने के साथ ही फरीदा मलिक के तेज-तर्रार होने के चलते उसके भारत प्रवेश को गंभीरता से लिया जा रहा है।
यह भी पता लगाया जा रहा है कि उसके ताल्लुकात किसी आतंकी गिरोह से तो नहीं है। सूत्रों की मानें तो यह महिला नेपाल से बनबसा होते हुए भारत आते हुए पहली बार पकड़ी गई है।