उत्तराखंडः बदरीनाथ-हेमकुंड साहिब में हुई बर्फबारी, पिथौरागढ़ में मलबा आने से सड़क बंद, 300 वाहन फंसे
- राज्य के ज्यादातर इलाकों में बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फ गिरने का अनुमान
- कुछ इलाकों में मौसम सामान्य रहने की उम्मीद
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उत्तराखंड में लगातार तीन दिन से हो रही बारिश और बर्फबारी से आज थोड़ी राहत मिली है। राजधानी देहरादून समेत प्रदेश के मैदानी इलाकों से लेकर पहाड़ तक कहीं बादल छाए हैं तो कहीं पर धूप खिली है। देर शाम को मौसम ने फिर करवट बदली। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी हुई। इससे मौसम में ठंडक जारी है।
बदरीनाथ धाम के साथ ही हेमकुंड साहिब, रुद्रनाथ, लाल माटी, फूलों की घाटी, घांघरिया, तुंगनाथ व चोपता के साथ ही नीती और माणा घाटियों के गांवों में बर्फबारी हुई, जबकि निचले क्षेत्रों में धूप के साथ ही बादल छाए रहे। इन दिनों मौसम पल-पल करवट बदल रहा है। सुुबह चटख धूप खिली तो लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन दोपहर 12 बजे से ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी शुरू हो गई, जो देर शाम तक जारी रही। निचले क्षेत्रों में छिटपुट बादलों के साथ ही धूप छाई रही।
पिथौरागढ़ में बारहमासी सड़क में दिल्ली बैंड के पास मलबा आने से पांच घंटे से अधिक समय तक वाहनों की आवाजाही बंद रही। सड़क के बंद होने से 300 से अधिक छोटे बड़े वाहन फंसे रहे। यात्रियों को भूखे प्यासे रहकर सड़क खुलने का इंतजार करते रहे।
बारहमासी सड़क में कटिंग का काम चल रहा है। रविवार को दिल्ली बैंड के पास कटिंग के दौरान 11 बजे मलबा आने के कारण सड़क बंद हो गई। सड़क के बंद होने के कारण लंबी दूरी पर जाने और आने वाले वाहन वाहनों में बैठे सैकड़ों यात्री सड़क खुलने का इंतजार करते रहे। हल्द्वानी, टनकपुर, बरेली, देहरादून, दिल्ली से लंबी दूरी से यात्रा पर आ रहे यात्रियों को भूखे प्यासे रहकर सड़क खुलने का इंतजार करना पड़ा।
पहाड़ी से लगातार बोल्डर गिरने से काम में बाधा पैदा हुई। निर्माण कार्य पर लगी कंपनियों की पोकलैंड और जेसीबी मशीन ने मौके पर पहुंचकर सड़क को खुलवाया। किसी तरह दोपहर चार बजे वाहनों की आवाजाही शुरू हो पाई।
चार दिन से जारी बारिश-बर्फबारी से जनजीवन अस्त-व्यस्त
पछवादून और जौनसार बाबर में बीते चार दिन से जारी भारी बारिश और बर्फबारी से जन-जीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। लोखंडी समेत आसपास की ऊंची चोटियां बर्फ की कई इंच मोटी परत से ढकी हुई हैं।
पशुपालकों के सामने चारा-पत्ती का संकट खड़ा हो गया है। पूरा इलाका कड़ाके की ठंड की चपेट में है। बर्फबारी और बारिश के चलते शनिवार को भी छावनी बाजार क्षेत्र में सन्नाटा पसरा रहा। बाजार में कम चहल-पहल नजर आई। चकराता का अधिकतम तापमान 9 डिग्री और न्यूनतम 2 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। वहीं, विकासनगर का अधिकतम तापमान 19 डिग्री और न्यूनतम 11 डिग्री रहा। बर्फबारी के चलते लोखंडी, मुराच, खंडबा, चाइशील, देववन, मोल्टा, मायला टॉप, कुुनैन, कथियान समेत सभी ऊंची चोटियां पूरी तरह बर्फ से ढकी हुई हैं।
बर्फबारी के चलते लोखंडी के पास सड़क बड़े वाहनों के लिए बंद कर दी गई है। इससे पूर्व मैदानी इलाकों में दिन की शुरुआत धूप के साथ हुई, लेकिन कुछ ही देर में आसमान में काले बादल घिर आए। सुबह 10 बजे से क्षेत्र में बारिश का दौर शुरू हो गया। जो दिनभर रुक-रुककर जारी रहा। पहाड़ी अंचलों में भी सुबह से लेकर देर शाम तक रुक-रुककर भारी बारिश, ओलावृष्टि और बर्फबारी का दौर जारी रहा।