फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarakhand Politics matter of statement of toppling government Trivendra and Harda came in support of Nishank

Uttarakhand: सरकार गिराने का मामला...70 विधायकों की साख का सवाल, निशंक के समर्थन में आए त्रिवेंद्र और हरदा

Fri, 30 Aug 2024 01:13 PM IST
अलका त्यागी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Fri, 30 Aug 2024 01:13 PM IST
सार

Uttarakhand Politics News: निर्दलीय विधायक उमेश कुमार ने भराड़ीसैंण में विस सत्र में सदन में सरकार गिराने की साजिश से जुड़ा बयान दिया था। इसके बाद राजनीति में खासी हलचल है।

विज्ञापन
Uttarakhand Politics matter of statement of toppling government Trivendra and Harda came in support of Nishank
हरीश रावत, निशंक और त्रिवेंद्र रावत - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक के बयान का समर्थन करते हुए कहा, यह 70 विधायकों की साख का सवाल है। सरकार गिराने की साजिश से जुड़े बयान की जांच होनी चाहिए। उधर, पूर्व सीएम हरीश रावत ने भी फेसबुक पर निशंक की तारीफ की।

विज्ञापन


बता दें कि निर्दलीय विधायक उमेश कुमार ने भराड़ीसैंण में विस सत्र में सदन में सरकार गिराने की साजिश से जुड़ा बयान दिया था। इसके बाद राजनीति में खासी हलचल है। पूर्व सीएम निशंक ने इस पूरे मामले की जांच की मांग उठाई। अब पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत भी मसूरी के कार्यक्रम में डॉ. निशंक के बयान का समर्थन किया।
विज्ञापन


कहा, राज्य में भ्रम की स्थिति हो गई है। सरकार गिराने के लिए 500 करोड़ रुपये के मामले पर डॉ. निशंक ने जो कहा, उससे सौ फीसदी सहमत हूं। इस पर किसी भी विधायक ने सदन के अंदर या बाहर अभी तक कोई खंडन नहीं किया। सरकार ने भी अभी तक कोई खंडन नहीं किया। इससे जनमानस में गलत संदेश जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कहा, जिस व्यक्ति ने यह मामला उठाया और कोई विश्वसनीय व अनुभवी व्यक्ति नहीं है। उसको उत्तराखंड के सरोकारों से कोई लेना देना नहीं है, लेकिन विस में कोई बात उठी है और वह सदन की कार्यवाही का हिस्सा बना है, तो उनसे भी पूछा जाना चाहिए कि इसके प्रमाण दें।

कहा, हमारा खुफिया तंत्र क्या कर रहा है। स्पीकर अगर मामले में प्रमाण मांगती तो अच्छा होता। यह राजनीति का समय नहीं है, राज्य के 70 विधायकों की साख का सवाल है।

Fake Registry Scam: उत्तराखंड समेत पांच राज्यों में ED का छापा, भू-माफिया समेत कई के ठिकानों पर पहुंची टीम

हरीश बोले, हम तो केवल धुआं देख रहे थे, आप...

पूर्व सीएम हरीश रावत ने फेसबुक में लिखा, वाह निशंकजी, सरकार गिराने की कथानक पर आपका बयान देखा। बहुत बहादुरी दिखाई। आपने स्पष्ट कहा, सरकार गिराने की साजिश का पर्दाफाश होना चाहिए। यह सरकार गिराने की आग जहां जल रही है, हम तो केवल धुएं को देखकर अंदाजा लगा रहे हैं, लेकिन लगता है कि आप आग के नजदीक तक पहुंच गए हैं।

विस अध्यक्ष का पद तटस्थ होता है। सदन में किसी सदस्य की ओर से कोई बात कही जाती है और उस बात को पक्ष-विपक्ष उठाता है तो विस अध्यक्ष संज्ञान लेता है, लेकिन स्पीकर सदन में सदस्य की ओर से अपशब्द कहने या उस सदस्य का जिक्र करने पर जो सदन में मौजूद नहीं है, के बारे में स्वत: संज्ञान लेता है। सदस्य की बात पर पक्ष-विपक्ष कुछ नहीं कहता तो पीठ से विनिश्चय देना नियम विरुद्ध होता है।
-ऋतु खंडूड़ी भूषण, विधानसभा अध्यक्ष

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed