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Uttarakhand: मृतक आश्रित कोटे से अब विधवा पुत्रवधू भी नौकरी की हकदार, शासनादेश जारी
Mon, 27 Mar 2023 10:50 PM IST
अलका त्यागी
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Mon, 27 Mar 2023 10:50 PM IST
सार
नियमावली के तहत कुटुंब के अंतर्गत मृत सरकारी सेवक की पत्नी या पति, पुत्र, पुत्री व मृत सरकारी सेवक पर निर्भर अविवाहित भाई, अविवाहित बहन और विधवा माता का प्रावधान था।
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शासनादेश जारी
- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
विस्तार
उत्तराखंड में अब मृतक आश्रित कोटे से पुत्र वधू को भी नौकरी का हकदार माना जाएगा। मृत सरकारी सेवक के कुटुंब में विधवा पुत्रवधू को भी शामिल किया गया है। इस संबंध में कार्मिक विभाग ने उत्तराखंड (उत्तरप्रदेश सेवाकाल में मृत सरकारी सेवकों के आश्रित की भर्ती नियमावली 1974) संशोधन नियमावली 2023 में संशोधन का शासनादेश जारी कर दिया है।
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भराड़ीसैंण में प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में यह निर्णय लिया गया था। नियमावली के तहत कुटुंब के अंतर्गत मृत सरकारी सेवक की पत्नी या पति, पुत्र, पुत्री व मृत सरकारी सेवक पर निर्भर अविवाहित भाई, अविवाहित बहन और विधवा माता का प्रावधान था।
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नियमावली में यह भी उल्लेख है कि इन सभी संबंधियों में से कोई व्यक्ति उपलब्ध नहीं है या वह शारीरिक और मानसिक रूप से अनुपयुक्त हो तो ऐसी दशा में कुटुंब शब्द के अंतर्गत उस सरकारी सेवक पर आश्रित पौत्र या अविवाहित पौत्री भी शामिल होगी। अब इनमें विधवा पुत्र वधू को भी शामिल कर लिया गया है।