फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarakhand News Last year saw the highest number of deaths from bear attacks

Bear Attacks: उत्तराखंड में पिछले साल भालू के हमलों में सबसे अधिक लोगों की गई जान, सैकड़ों हुए घायल

Sun, 04 Jan 2026 08:05 PM IST
अलका त्यागी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Sun, 04 Jan 2026 08:05 PM IST
सार

राज्य में वन्यजीव हमलों को लेकर संवेदनशील रहा है। पिछले साल वन्यजीवों के हमलों में 68 लोगों की मृत्यु हुई और 488 लोग घायल हुए हैं। इसमें भालू के हमलों में आठ लोगों की मौत हुई है।

विज्ञापन
Uttarakhand News Last year saw the highest number of deaths from bear attacks
भालू - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

भालू के हमलों की घटनाएं लगातार सामने आ रहीं हैं। राज्य बनने के बाद से पिछले साल भालू के हमलों में सबसे अधिक लोगों की मौत हुई है। पहाड़ से लेकर मैदान तक तेंदुओं के हमलों के मामले अधिक सामने आते हैं पर वर्ष-2025 में तेंदुओं की तुलना में भालू के हमलों में लोग घायल हुए हैं।

विज्ञापन


राज्य में वन्यजीव हमलों को लेकर संवेदनशील रहा है। पिछले साल वन्यजीवों के हमलों में 68 लोगों की मृत्यु हुई और 488 लोग घायल हुए हैं। इसमें भालू के हमलों में आठ लोगों की मौत हुई है। वर्ष-2000 के बाद से अब तक भालू के हमलों में सबसे अधिक लोगों की जान गई है। भालू के हमलों में 108 लोग घायल भी हुए हैं। जबकि तेेंदुओं के हमलों में 102 लोग घायल हुए हैं।
विज्ञापन


तेंदुओं के हमलों में 19 लोगों की मौत
तेंदुओं के हमलों की दहशत रही है। इसके हमले में 19 लोगों की असमय मृत्यु हुई है। बाघ के हमले में 12 लोगों की मौत और पांच लोग घायल हुए थे। सर्पदंश से 18 लोगों की मौत और 122 घायल हुए हैं। इस संबंध में प्रमुख वन संरक्षक रंजन मिश्रा कहते हैं कि मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इस बार मानसून में जिन वन प्रभागों में भालू हैं, वहां पर उनके भोजन वाली प्रजातियों का रोपण किया जाएगा। सुरक्षा के लिए अन्य कदम उठाए जा रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

Uttarakhand: अच्छी खबर...प्रदेश में AI से यातायात प्रबंधन की तैयारी, आईटीडीए तैयार कर रहा पीओसी

संसाधनों को खरीदने के लिए 11 करोड़
वन विभाग को मानव- वन्यजीव संघर्ष को कम करने और रेस्क्यू आपरेशन के दृष्टिगत संसाधनों को खरीदने के लिए आपदा प्रबंधन विभाग से 11 मिलेंगे। इस राशि से ट्रैंक्यूलाइज गन समेत अन्य संसाधनों को खरीदा जाएगा।

पांच वर्षों में वन्यजीवों के हमलों की घटनाएं
वर्ष-       मृत्यु-      घायल
2020      67       324
2021     71        361
2022     82        325
2023     66        325
2024     844      512
2025      68       488

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed