फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarakhand News: Earthquake tremors Felt in Pithoragarh

उत्तराखंड: पिथौरागढ़ में महसूस किए गए भूकंप के झटके, रिक्टर पैमाने पर 3.8 रही तीव्रता

Fri, 24 Sep 2021 10:28 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पिथौरागढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पिथौरागढ़ Published by: अलका त्यागी Updated Fri, 24 Sep 2021 10:28 PM IST
सार

आपदा कंट्रोल रूम के मुताबिक भूकंप का केंद्र नेपाल में बताया जा रहा है। जिसकी तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 3.8 मापी गई। 

विज्ञापन
Uttarakhand News: Earthquake tremors Felt in Pithoragarh
भूकंप - फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर

विस्तार

उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले के मुनस्यारी, मदकोट, नाचनी, बंगापानी, डीडीहाट, कनालीछीना सहित विभिन्न हिस्सों में शुक्रवार रात 8:55 बजे भूकंप के झटके महसूस किए। आपदा कंट्रोल रूम के मुताबिक भूकंप का केंद्र नेपाल में बताया जा रहा है। जिसकी तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 3.8 मापी गई।भारत में क्षति की सूचना नहीं है। 

विज्ञापन


जोन चार और पांच में है उत्तराखंड का ज्यादातर इलाका
वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन जियोलॉजी के भूकंप विज्ञानियों की मानें तो उत्तराखंड भूकंप के लिहाज से बेहद संवेदनशील है। उत्तराखंड का ज्यादातर इलाका भूकंप के लिहाज से जोन चार और पांच में हैं। ऐसे में उत्तराखंड, हिमाचल, जम्मू-कश्मीर जैसे राज्यों में लगातार हल्के भूकंप के झटके महसूस किए जा रहे हैं।
विज्ञापन


पिछले साल देशभर में आए 965 भूकंप
नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले साल एक जनवरी से लेकर 31 दिसंबर तक उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, नई दिल्ली समेत देश के कई इलाकों में कुल 965 भूकंप आए जो काफी बड़ा आंकड़ा है  चौंकाने वाली बात यह है कि देश की राजधानी नई दिल्ली और एनसीआर इलाके में भूकंप के 13 झटके महसूस किए गए और सभी की  रिक्टर स्केल पर तीव्रता तीन से अधिक थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह भी पढ़ें... भूकंप अलर्ट: अब एप के जरिए मिलेगी भूकंप की पूर्व चेतावनी, ऐसा करने वाला पहला राज्य बना उत्तराखंड

भूगर्भीय हलचलें अच्छे संकेत नहीं
हिमालय में लगातार हो रही भूगर्भीय हलचलें आने वाले समय के लिए अच्छे संकेत नहीं हैं। भूगर्भ में लगातार प्लेटें टकराने और खिसकने के कारण भूकंप आने की घटनाएं हो रही हैं। भूकंप की दृष्टि से चमोली व रुद्रप्रयाग जिला जोन पांच में होने से अति संवेदनशील हैं। पीजी कॉलेज गोपेश्वर में भूगोल के पूर्व प्रोफेसर डॉ. जेएस कंडारी ने कहा कि भारतीय प्लेट लगातार एशियाई प्लेट की ओर खिसक रही है। इससे धरती के अंदर हलचल पैदा होने से ऊर्जा संचित हो रही है, जिसका धीरे-धीरे बाहर निकलना जरूरी है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed