वर्दी हुई दागदार: हल्द्वानी में एएसआई ने 10 साल की बच्ची से की छेड़खानी, मुकदमा दर्ज
कोतवाली थाना क्षेत्र के टीपीनगर चौकी में तैनात 57 वर्षीय एएसआई मदन सिंह परिहार बिठौरिया क्षेत्र में रहता है। वह रविवार सुबह सात बजे एक जनरल स्टोर में दूध लेने गया था। आरोप है कि इस दौरान उसने 10 साल की बच्ची को पकड़कर उसके साथ छेड़खानी की।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तरांखंड के हल्द्वानी में कुसुमखेड़ा क्षेत्र में कोतवाली थाने के एएसआई ने एक दुकान में 10 साल की बच्ची के साथ छेड़खानी कर दी। इससे गुस्साए परिजनों और पड़ोसियों ने एएसआई को पकड़कर जमकर पिटाई कर दी। उसे बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आरोपी के खिलाफ कई धाराओं में केस दर्ज करने के साथ ही एसएसपी ने उसे निलंबित कर दिया है।
कोतवाली थाना क्षेत्र के टीपीनगर चौकी में तैनात 57 वर्षीय एएसआई मदन सिंह परिहार बिठौरिया क्षेत्र में रहता है। वह रविवार सुबह सात बजे एक जनरल स्टोर में दूध लेने गया था। आरोप है कि इस दौरान उसने 10 साल की बच्ची को पकड़कर उसके साथ छेड़खानी की। इसकी भनक जब लोगों को लगी तो उन्होंने पुलिसकर्मी की जमकर पिटाई कर दी। उसके सिर से खून बहने लगा तो लोगों ने उसे छोड़ दिया और मुखानी पुलिस को घटना की जानकारी दी। थानाध्यक्ष सुशील कुमार ने मौका मुआयना किया।
परिजनों की तहरीर पर एएसआई परिहार के खिलाफ धारा 354, 354 ए, 9(ए)(4) (एल)10 पॉक्सो के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। मुकदमे की विवेचना उपनिरीक्षक कुमकुम धानिक कर रही हैं। उधर, आरोपी पुलिसकर्मी छेड़खानी की घटना से इनकार कर रहा है। मामले में एसएसपी प्रीति प्रियदर्शिनी ने थानाध्यक्ष की रिपोर्ट के आधार पर आरोपी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
आरोपी को रंगेहाथ पकड़ने के लिए लोगों ने बनाया वीडियो
बताया जा रहा है कि आरोपी एएसआई ने दो दिन पहले भी बच्ची से छेड़खानी की थी। लोग उसे रंगे हाथ पकड़ना चाहते थे इसलिए उन्होंने स्टिंग ऑपरेशन कर वीडियो बना लिया। इसके बाद जब आरोपी ने दुबारा छेड़खानी की तो लोगों ने उसे धर दबोचा और पिटाई कर दी। लोगों ने छेड़खानी की वीडियो क्लिप पुलिस के सुपुर्द कर दी है।
वीडियो वायरल करना अपराध
एसएसपी प्रीति प्रियदर्शिनी ने कहा कि घटना पॉक्सो एक्ट से जुड़ी है। यह शर्मनाक और घिनौनी हरकत है। कुछ लोगों ने छेड़खानी का वीडियो बनाया है। सोशल मीडिया पर इस प्रकार का वीडियो वायरल करना अपराध है। यदि कोई भी व्यक्ति बच्ची का वीडियो वायरल करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
एक पुलिस अधिकारी और सीपीयू के दरोगा पर भी लग चुके हैं दुष्कर्म के आरोप
नैनीताल जिले में पहले भी एक पुलिस अधिकारी और सीपीयू के दरोगा के खिलाफ दुष्कर्म के आरोप लग चुके हैं। दरोगा को जांच के दौरान निलंबित कर दिया गया था। इसके साथ ही करीब नौ साल पहले एक पुलिस अधिकारी पर भी युवती ने दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था।
आरोप उच्चाधिकारियों तक पहुंचने के बाद कई सालों तक जांच की गई। आरोप के चलते अधिकारी का तबादला कर दिया गया था। युवती न्याय के लिए प्रदेश के कई अधिकारियों से गुहार लगाती रही। 2016 में सीपीयू के दरोगा नरेश भौर्याल के खिलाफ एक शिक्षिका ने दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में कार्रवाई को लेकर कई संगठनों ने प्रदर्शन किया था। दरोगा को अदालत के समक्ष समर्पण करना पड़ा था। हालांकि, जेल जाने के बाद दरोगा ने युवती से समझौता कर लिया था।