उत्तराखंड: बदरीनाथ और गौरीकुंड हाईवे पर तैनात रहेंगी एंबुलेंस, संपर्क मार्गों का खाका भी तैयार
बदरीनाथ हाईवे पर सिरोहबगड़ से नरकोटा के बीच एंबुलेंस की सुविधा रहेगी। वहीं, गौरीकुंड हाईवे पर तिलवाड़ा के समीप नौलापानी, बांसवाड़ा, काकड़ागाड़-कुंड और डोलियाखाट में एंबुलेंस तैनात की जाएंगी।
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आपदा की दृष्टि से अति संवेदनशील रुद्रप्रयाग जिले में बरसाती सीजन में बदरीनाथ व गौरीकुंड राजमार्ग के डेंजर जोन प्वाइंट पर एंबुलेंस तैनात रहेंगी। हाईवे के बंद होने पर कौन से संपर्क मार्ग का उपयोग होगा, इसका खाका भी तैयार किया गया है।
दो साल पूर्व गौरीकुंड हाईवे, डोलिया मंदिर के पास बंद होने पर एक गर्भवती को अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका था। उसका प्रसव जंगल में ही कराना पड़ा था। ऐसी समस्या दोबारा न हो इसके लिए जिला आपदा प्रबंधन विभाग ने ऋषिकेश-बदरीनाथ व रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राजमार्ग सहित तिलवाड़ा-जखोली मोटर मार्ग पर चिह्नित डेंजर जोन पर एंबुलेंस तैनात करने का निर्णय लिया है।
इसके तहत बदरीनाथ हाईवे पर सिरोहबगड़ से नरकोटा के बीच एंबुलेंस की सुविधा रहेगी। यहां हाईवे अवरुद्ध होने की स्थिति में एंबुलेंस सुमाड़ी-घेंघडख़ाल-सौराखाल होते हुए बेस अस्पताल श्रीनगर पहुंचेगी। दूसरी तरफ गौरीकुंड हाईवे पर तिलवाड़ा के समीप नौलापानी, बांसवाड़ा, काकड़ागाड़-कुंड और डोलियाखाट में एंबुलेंस तैनात की जाएंगी। इसके अलावा जखोली ब्लॉक के लिए तिलवाड़ा-मयाली-जखोली मोटर मार्ग पर तुनेटा में भी एंबुलेंस प्वाइंट बनाया गया है।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवान का कहना है कि मानसून सीजन में बदरीनाथ व गौरीकुंड हाईवेबंद होने से गर्भवती, बीमार व जरूरतमंदों को अस्पताल पहुंचाने में खासी दिक्कतें होती हैं। इस बरसात में दोनों हाईवे पर डेंजर जोन प्वाइंट पर एंबुलेंस तैनात की जाएंगी। इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग व सीएमओ कार्यालय से सहमति मिल गई है।
आपदा राहत के लिए गढ़वाल और कुमाऊं में हेलीकॉप्टर तैनात
मानसून सीजन में आपदा राहत और बचाव कार्यों के लिए सरकार ने गढ़वाल और कुमाऊं मंडल में हेलीकॉप्टर तैनात कर दिए हैं। यह हेलीकॉप्टर सितंबर तक तैनात रहेंगे। वहीं, दुर्गम क्षेत्र के लोगों को हेलीसेवा भी उपलब्ध होगी।
अपर सचिव नागरिक उड्डयन एवं सीईओ डॉ. आशीष चौहान ने बताया कि आपदाग्रस्त क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्यों के लिए एक हेलीकॉप्टर गढ़वाल और एक कुमाऊं में तैनात किया गया है। यह तैनाती सितंबर तक रहेगी। सामान्य तौर पर हेलीकॅाप्टर गौचर, चमोली और धारचूला, पिथौरागढ़ में तैनात रहेंगे।
जिन्हें जरूरत पर किसी भी जिले में अभियान पर लगाया जा सकेगा। दुर्गम क्षेत्रों के लोगों को रियायती दर पर हेलीसेवा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके तहत 30 मिनट तक यात्रा के लिए प्रतिव्यक्ति 3100 रुपये देने होंगे।