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उत्तराखंड: कोविड में 2039 अनाथ बच्चों को मिला वात्सल्य, मंत्री रेखा आर्य ने 333 के खाते में भेजी धनराशि
Fri, 17 Sep 2021 03:18 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Fri, 17 Sep 2021 03:18 PM IST
सार
बच्चों की देखरेख, भरण पोषण, शिक्षण व संरक्षण के लिए मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना का संचालन किया जा रहा है। महिला एवं बाल विकास विभाग इस योजना को संचालित कर रहा है।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : iStock
विस्तार
प्रदेश में कोविड में अनाथ 333 और बच्चों को वात्सल्य मिला। महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्य ने गुरुवार को मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना के तहत पांचवें चरण में इन बच्चों के खातों में तीन-तीन हजार रुपये की धनराशि डिजिटल माध्यम से हस्तांतरित की। मंत्री ने कहा कि योजना के तहत अब तक 2039 बच्चों को वात्सल्य मिला है।
इस तरह के बच्चों की हर संभव मदद की जाएगी
यमुना कॉलोनी स्थित कैंप कार्यालय में कैबिनेट मंत्री ने योजना के तहत बच्चों के खातों में धनराशि हस्तांतरित करते हुए कहा कि इस तरह के बच्चों की हर संभव मदद की जाएगी। बच्चों की देखरेख, भरण पोषण, शिक्षण व संरक्षण के लिए मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना का संचालन किया जा रहा है।
महिला एवं बाल विकास विभाग इस योजना को संचालित कर रहा है। मंत्री ने कहा कि ऊधमसिंह नगर के 87, देहरादून जिले के 64, चंपावत के 59, टिहरी के 51, पौड़ी के 39, अल्मोड़ा के 33 बच्चे शामिल हैं। दो अगस्त 2021 को शुरू की गई वात्सल्य योजना से अब तक कुल 2029 बच्चों को लाभ दिया जा चुका है।
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अमर उजाला ने चलाया था अपनत्व अभियान
प्रदेश में कोरोना ने कई बच्चों के सिर से उनके माता-पिता या दोनों में से किसी एक का साया छीन लिया था। कई परिवारों के कमाऊ सदस्यों की मौत हो गई थी। अमर उजाला ने इन बच्चों की मदद के लिए अपनत्व अभियान चलाया। अमर उजाला के अभियान के बाद इस तरह के बच्चों का पता लगाने एवं उनकी मदद के कार्य में तेजी आई। वहीं कई गैर सरकारी संगठन और समाजसेवी जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आए।
प्रदेश में कोविड में अनाथ हुए बच्चों को किसी तरह की दिक्कत न हो, इसके लिए यह बुआ इन बच्चों की ढाल बनकर काम करेगी। इन बच्चों के विधिक अधिकारों का संरक्षण किया जाएगा।
- रेखा आर्य, महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास मंत्री
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इस तरह के बच्चों की हर संभव मदद की जाएगी
यमुना कॉलोनी स्थित कैंप कार्यालय में कैबिनेट मंत्री ने योजना के तहत बच्चों के खातों में धनराशि हस्तांतरित करते हुए कहा कि इस तरह के बच्चों की हर संभव मदद की जाएगी। बच्चों की देखरेख, भरण पोषण, शिक्षण व संरक्षण के लिए मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना का संचालन किया जा रहा है।
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महिला एवं बाल विकास विभाग इस योजना को संचालित कर रहा है। मंत्री ने कहा कि ऊधमसिंह नगर के 87, देहरादून जिले के 64, चंपावत के 59, टिहरी के 51, पौड़ी के 39, अल्मोड़ा के 33 बच्चे शामिल हैं। दो अगस्त 2021 को शुरू की गई वात्सल्य योजना से अब तक कुल 2029 बच्चों को लाभ दिया जा चुका है।
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अमर उजाला ने चलाया था अपनत्व अभियान
प्रदेश में कोरोना ने कई बच्चों के सिर से उनके माता-पिता या दोनों में से किसी एक का साया छीन लिया था। कई परिवारों के कमाऊ सदस्यों की मौत हो गई थी। अमर उजाला ने इन बच्चों की मदद के लिए अपनत्व अभियान चलाया। अमर उजाला के अभियान के बाद इस तरह के बच्चों का पता लगाने एवं उनकी मदद के कार्य में तेजी आई। वहीं कई गैर सरकारी संगठन और समाजसेवी जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आए।
प्रदेश में कोविड में अनाथ हुए बच्चों को किसी तरह की दिक्कत न हो, इसके लिए यह बुआ इन बच्चों की ढाल बनकर काम करेगी। इन बच्चों के विधिक अधिकारों का संरक्षण किया जाएगा।
- रेखा आर्य, महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास मंत्री