Uttarakhand Accident: दो जगह दर्दनाक सड़क हादसे, पांच महिलाओं और तीन बच्चों समेत 10 लोगों की मौत
Uttarakhand Accident News: एक हादसा टिहरी जिले के नैलचामी पट्टी के होल्टा गांव के पास हुआ। जिसमें पांच लोगों की जान चली गई। वहीं, दूसरा हादसा खटीमा में हुआ। इस हादसे में भी पांच लोगों की मौत हो गई।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तराखंड में दो हादसों में पांच महिलाओं, तीन बच्चों सहित दस लोगों की मौत हो गई। एक हादसा टिहरी जिले के नैलचामी पट्टी के होल्टा गांव के पास हुआ जहां कार बैक करते समय खाई जा गिरी। इसमें दंपती सहित पांच लोगों ने दम तोड़ दिया। दूसरा हादसा खटीमा के लोहियाहेड के पास अनियंत्रित कार शारदा नहर में जा गिरी। इसमें महिला, तीन बच्चों और चालक की डूबने से मौत हो गई।
पुलिस के मुताबिक नैलचामी पट्टी के होल्टा गांव निवासी गबर सिंह शुक्रवार को अपनी बहु के मायके राजगांव किसी रिश्तेदार की मृत्यु की शोक संवेदना व्यक्त करने गए थे। उनके साथ पत्नी और परिवार के अन्य सदस्य भी थे। शुक्रवार शाम करीब चार बजे सभी कार से लौट रहे थे। सेंदुल-पटुड गांव-राजगांव मोटर मार्ग पर कार बैक करते समय अनियंत्रित हो गई और लगभग 200 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे से चीख पुकार मच गई।
Tehri Accident: रिश्तेदार के घर गए थे सांत्वना देने, बैक करते वक्त खाई में गिरी कार, मची चीख-पुकार, तस्वीरें
प्रशासन की टीम पहुंचने से पहले ग्रामीण खाई में उतर गए और एसडीआरएफ व पुलिस की मदद से शवों को खाई से निकाला। तहसीलदार एसपी ममगांई ने बताया कि दुर्घटना में गबर सिंह (63). उनकी पत्नी बबली देवी (59), तुलसी देवी (65) पत्नी भगवान सिंह, सोना देवी (55) पत्नी सरोप सिंह और उर्मिला देवी (50) पत्नी राय सिंह की मौके पर ही मौत हो गई। सेवानिवृत्त बीएसएनएल कर्मी गबर सिंह चार दिन पहले ही पत्नी के साथ अपने गांव होल्टा आए थे।
शारदा नहर में कार गिरने से पांच की मौत्
वहीं खटीमा में पावर हाउस काॅलोनी लोहियाहेड निवासी द्रौपदी उर्फ दुर्गा (38) पत्नी स्व. विजेंद्र अपनी बेटी ज्योति (12) और नगरा तराई निवासी कार चालक मोहन सिंह धामी (40) के साथ बृहस्पतिवार देर शाम कार से अंजनिया (बुढ़ाबाग) निवासी भाई मोहन चंद के घर गई थी। देर रात भाई के बेटे सोनू (5) और बेटी दीपिका (7) को लेकर वह लालकोठी होकर नहर किनारे बनी सड़क से घर लौट रही थी। रात साढ़े नौ बजे कार लोहियाहेड पावर हाउस जाली के पास शारदा नहर में गिर गई।
देर रात तक जब वे घर नहीं पहुंचे तो उनकी तलाश शुरू हुई। परिजन जब लोहियाहेड से नहर के किनारे पहुंचे तो उन्हें शारदा नहर में गिरी कार के टायर दिखाई दिए। मोहन चंद ने घटना की सूचना पुलिस को दी। देर रात को झनकईया थानाध्यक्ष रविंद्र सिंह बिष्ट पुलिस के साथ पहुंचे और कार को रस्सी व अन्य वाहनों की मदद से बाहर निकाला। कार में फंसे पांचों लोगों को निकाल कर उप जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया, जहां डॉक्टर ने सभी को मृत घोषित कर दिया। एसपी सिटी मनोज कुमार कत्याल भी अस्पताल पहुंचे। उन्होंने कहा कि पुलिस घटना के कारणों की जांच कर रही है।पोस्टमार्टम के बाद महिला और बेटी के शवों को ससुरालियों ने ले जाने से इनकार कर दिया। जिससे महिला का भाई अपनी बहन-भांजी और बेटा-बेटी के शवों को साथ ले गया। घटना गांव में मातम छा गया है।