Uttarakhand Lockdown: अब परिवार का हर सदस्य नहीं ले पायगा राशन
- पूरे परिवार के आधार कार्ड लेकर नियमित रूप से दिया जा रहा राशन
- सेलाकुई में इस फार्मूले के बाद 3900 पर आई 13 हजार लोगों की सूची
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लॉकडाउन के बीच कुछ लोगों के राशन जमा करने की शिकायतों के मद्देनजर सेलाकुई पुलिस ने उसकी काट भी निकाल ली है। अब तक एक परिवार के तमाम सदस्यों के आधार कार्ड लेकर राशन वितरित किया जा रहा था। परिवार का सदस्य अपने -अपने आधार कार्ड पर खाद्य सामग्री ले रहा था।
जनपद पुलिस दानवीरों की मदद से भोजन और राशन जुटाकर लॉकडाउन लगने के बाद से श्रमिकों और बेसहारा लोगों को सुबह और शाम भोजन उपलब्ध करा रही थी। पुलिस राशन उपलब्ध कराने वालों का रिकॉर्ड रख रही है। इसी बीच ऐसे कई मामले सामने आए की कुछ लोग राशन की जमाखोरी में लगे हैं।
फर्जीवाड़ा रोकने को नया फॉर्मूला
सेलाकुई थाना पुलिस ने फर्जीवाड़ा रोकने को नया फॉर्मूला तैयार किया। औद्योगिक क्षेत्र होने के कारण शुरुआत में यहां 13000 लोगों को चयनित किया गया था, उसी आधार पर पहले कुछ दिन तो राशन वितरित किया गया।
थाना प्रभारी विपिन बहुगुणा बताते हैं कि सत्यापन के दौरान पता चला कि यदि परिवार में पांच सदस्य हैं तो वह अलग-अलग राशन ले रहे हैं। अब नई व्यवस्था लागू की गई है कि अब परिवार के तमाम सदस्यों के आधार कार्ड लेकर राशन वितरित किया जा रहा है।
हर गांव में अलग-अलग भोजन का इंतजाम किया
नतीजा यह हुआ है कि 13 हजार की सूची 3900 पर आ गई है। बहुगुणा ने बताया कि स्कूल में कोविड 19 का कन्ट्रोल रूम बनाया गया है, जहां सुबह सात से 12 बजे तक सेलाकुई के श्रमिकों को राशन दिया जाता है।
रूम में पांच हेल्प डेस्क बनाई गई हैं। जहां पर लोकल जनप्रतिनिधि और फैक्टरी यूनियन के लोग एक-एक श्रमिक का सत्यापन करते हैं। एसपी देहात प्रमेंद्र डोभाल ने बताया कि सेलाकुई में पूरे सिस्टम से राशन और भोजन का वितरण किया जा रहा है। हर गांव में अलग-अलग भोजन का इंतजाम किया गया है।