फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarakhand High court rejects petition against Reservation in promotion

प्रमोशन में आरक्षण के खिलाफ याचिका खारिज, हाईकोर्ट ने कहा-कार्रवाई करने को सरकार सक्षम

Wed, 11 Mar 2020 10:02 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नैनीताल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नैनीताल Published by: अलका त्यागी Updated Wed, 11 Mar 2020 10:02 PM IST
सार

  • सरकार ने कोर्ट में कहा-हड़ताल खुलवाने के किए जा रहे हैं प्रयास

विज्ञापन
Uttarakhand High court rejects petition against Reservation in promotion
- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर

विस्तार

प्रमोशन में आरक्षण को लेकर उत्तराखंड जनरल-ओबीसी एम्प्लाइज एसोसिएशन की हड़ताल के मामले में दायर जनहित याचिका को हाईकोर्ट ने निस्तारित करते हुए कहा है कि हड़ताली कर्मचारियों पर कार्रवाई करने के लिए सरकार सक्षम है।

विज्ञापन


कोर्ट में सरकार की ओर से कहा गया कि हड़ताल खुलवाने के प्रयास किए जा रहे हैं। वरिष्ठ न्यायमूर्ति रवि विजय कुमार मलिमथ एवं न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। 
विज्ञापन


देहरादून निवासी ललित कुमार ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि उत्तराखंड जनरल-ओबीसी इम्प्लाइज एसोसिएशन के करीब डेढ़ लाख कर्मचारी पदोन्नति में आरक्षण के खिलाफ दो मार्च से हड़ताल पर हैं। कर्मचारियों की हड़ताल से सभी राजकीय कार्य बाधित हो रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


हड़ताली कर्मचारी हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन कर रहे हैं। याची की मांग है कि या तो कर्मचारी हड़ताल वापस लें या हड़ताली कर्मचारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाए। पक्षों को सुनने के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने जनहित याचिका को निस्तारित करते हुए कहा कि हड़ताली कर्मचारियों पर कार्रवाई करने के लिए सरकार सक्षम है।

धान घोटाले के मामले में सरकार से मांगा जवाब

हाईकोर्ट ने रुद्रपुर धान मिल से कोटद्वार स्टेट पूल डिपो में भेजे गए धान में हुए घोटाले के खिलाफ दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने सरकार को तीन सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। 

वरिष्ठ न्यायमूर्ति रवि विजय कुमार मलिमथ एवं न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। सहारनपुर निवासी अवनीश जैन ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि ऊधमसिंह नगर की राइस मिल से कोटद्वार स्टेट पूल डिपो में धान भेजने के बहाने लाखों का घोटाला किया गया है। याचिका में कहा कि पूर्व में अपर सचिव की जांच में भी अनियमितताएं पाई गईं थी, लेकिन अभी तक इस प्रकरण पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। 

याचिकाकर्ता का कहना था कि आरटीआई के तहत मांगी गई सूचना में यह भी पता चला कि जिन वाहनों से धान भेजा गया था उन वाहनों पर दोपहिया वाहनों के नंबर थे। याचिकाकर्ता ने धान घोटाले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की थी। पक्षों को सुनने के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने सरकार को तीन सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed