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अब सरकार मेरी बात मान ले, कोरोना से निपटने का पुख्ता इंतजाम करे: सूर्यकांत धस्माना
Wed, 18 Mar 2020 10:37 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Wed, 18 Mar 2020 10:37 AM IST
सार
- सूर्यकांत धस्माना ने जारी किया खुला पत्र, कहा-दून अस्पताल में संक्रमण के रोकथाम की तैयारी अधूरी
- सरकार की सलाह मानकर घर में रह रहा हूं
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सूर्यकांत धस्माना
- फोटो : फाइल फोटो
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विस्तार
दून अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में पहुंच जाने के कारण कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना का कहना है कि सरकार उनकी ओर से उठाए गए मामले का भी परीक्षण करे।
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प्रेस बयान जारी कर धस्माना ने कहा कि दून अस्पताल में जब वे पहुंचे थे, तो आइसोलेशन वार्ड में कोई डाक्टर मौजूद नहीं था। न ही वहां कोई बताने वाला था कि आइसोलेशन वार्ड में रोगी से कितनी दूरी पर और किस तरह से मिला जा सकता है। जनप्रतिनिधि होने के कारण वे कोरोना संक्रमण से निपटने के इंतजाम की जानकारी लेने के लिए दून अस्पताल पहुंचे थे।
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वहां कई और खामियां भी सामने आईं थी। कोरोना संक्रमित रोगी की देखरेख ेसिर्फ नर्सों के भरोेसे छोड़ दिया गया। इसी तरह जिन संदिग्ध रोगियों को क्वारंटाइन किया गया था, उनकी निगरानी भी ढंग से नहीं की जा रही थी। वे अपनी तरफ से पूरी सतर्कता बरतते हुए रोगी से मिले थे। उन्होंने दो-दो मास्क पहने। अंदर जाते समय और बाहर जाते समय खुद को सेनेटाइज किया। उनके साथ गए जिस व्यक्ति का सैंपल भेजा गया, वह भी नेगेटिव निकला।
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धस्माना के मुताबिक इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग ने उन्हें घर पर ही रहने, किसी के संपर्क में न आने की सलाह दी और इस सलाह को मान रहे हैं। अब सरकार को चाहिए की वह भी उनकी सलाह माने। कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए जमीनी स्तर पर पुख्ता तैयारी की जाए। हर काम को ईमानदारी से किया जाए।
सरकार कार्य में पारदर्शिता बरते जिससे की लोगों को वास्तविकता का अंदाजा रहे और वे अपनी तरफ से भी एहतियात बरत सके। डेंगू के संक्रमण के दौरान आधी अधूरी तैयारी पर पर्दा डालने की कोशिश का ही नतीजा था कि कई लोग इस बीमारी के शिकार बने थे। कोरोना और भी कहीं अधिक गंभीर संकट है।