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दिसंबर में होगा उत्तराखंड विधानसभा का शीतकालीन सत्र, अनुपूरक बजट लाने पर भी मंथन

Wed, 14 Nov 2018 08:41 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून Updated Wed, 14 Nov 2018 08:41 AM IST
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Uttarakhand assembly winter session 2018 will be held in December 
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विधानसभा का शीतकालीन सत्र दिसंबर महीने के पहले पखवाड़े में हो सकता है। स्पीकर प्रेमचंद अग्रवाल ने यह संकेत दिए। उन्होंने कहा कि अभी सरकार के स्तर पर सत्र को लेकर कोई सूचना नहीं है। लेकिन यदि सरकार चाहेगी तो सत्र भराड़ीसैंण में भी कराया जा सकता है। विधानसभा वहां सत्र कराने को तैयार है। उन्होंने कहा कि उनका प्रयास रहेगा कि शीतकालीन सत्र कुछ लंबा चले।

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प्रदेश सरकार के स्तर पर अभी शीतकालीन सत्र को लेकर कोई निर्णय नहीं हुआ है। मगर दिसंबर तक सरकार को अनुपूरक बजट लाना है। अनुपूरक बजट का प्रस्ताव विधानसभा में पारित होना है। माना जा रहा है कि सरकार दिसंबर माह में सत्र आयोजित कर सकती है, लेकिन अभी यह भी तय नहीं है कि सत्र देहरादून में होगा या भराड़ीसैंण में। लंदन दौरे से लौटकर पत्रकारों से मुखातिब स्पीकर से विस सत्र के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि अभी उन्हें भी इसकी जानकारी नहीं है।
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लेकिन दिसंबर माह के पहले पखवाड़े में शीतकालीन सत्र आयोजित होने की संभावना है। यह पूछे जाने पर कि क्या सत्र भराड़ीसैंण में होगा? जवाब में उन्होंने कहा कि वे वहां भी सत्र कराने को तैयार हैं। अब तक जितने भी सत्र वहां हुए, वे कुशलता पूर्वक हुए हैं।
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आशा है तैयारी करके आएंगे मंत्री 
स्पीकर ने कहा कि पिछले सत्र के दौरान उन्होंने पीठ से जितने भी निर्देश थे, वे सभी शासन को भेज दिए गए हैं। उन्हें पूरी उम्मीद है कि उन पर कार्रवाई हुई होगी। मंत्री सदन में तैयारी के साथ आएंगे।


एनजीटी को जवाब दे दिया गया
भराड़ीसैंण में विधानसभा भवन को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के आदेश पर स्पीकर ने कहा कि ट्रिब्यूनल को जवाब दे दिया गया है। विधानसभा के अवस्थापना विकास का कार्य अंतिम चरण में है। एनजीटी ने पर्यावरणीय मानकों को पूरा न करने के संबंध में प्रदेश सरकार को नोटिस जारी किया था। विधानसभा सचिव जगदीश चंद्र के मुताबिक भराड़ीसैंण विधानसभा का क्षेत्रफल 20 हजार वर्ग मीटर से कम है, जिसके चलते पर्यावरणीय मंजूरी की आवश्यकता नहीं थी।
 

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