नए साल में उत्तराखंड को मिलेगा दो नई ट्रेनों का तोहफा, साथ में होंगे और भी कई फायदे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नए साल (2019) में उत्तराखंड को कई तोहफे मिलने वाले हैं। इसके तहत दो नई ट्रेनें मिल रही हैं। कई रूटों पर ट्रेनों का आवागमन रोजाना किया जा रहा है। ट्रेनों में कोच भी बढ़ाए जा रहे हैं। इससे कन्फर्म टिकटों के लिए होने वाली मारामारी कम होगी। इतना ही नहीं यार्ड री-मॉडलिंग के तहत प्लेटफार्म की संख्या भी बढ़ाई जा रही है।
इस समय दून स्टेशन से आवागमन करने वाली ट्रेनें 12 से 13 कोच वाली हैं। लगातार यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए ट्रेनों के कोच बढ़ाने की कवायद शुरू हुई है। इसके तहत अब यहां की ट्रेनें 18 कोच से लैस होंगी।
इससे करीब 350 यात्रियों की क्षमता प्रत्येक ट्रेन में बढ़ जाएगी। इसके अलावा दो नई ट्रेनें भी संचालित करने की योजना है। इस बाबत स्टेशन अधीक्षक सीताराम सोनकर ने बताया कि यार्ड री-मॉडलिंग का कार्य तेज कर दिया है।
राप्ती-गंगा रोजाना दौड़ेगी
वर्तमान में चार प्लेटफार्म है। नए साल में प्लेटफार्म की संख्या पांच हो जाएगी। उन्होंने बताया कि अभी यह तय नहीं है कि नई ट्रेनें किस रूट पर चलाई जाएंगी। कोच और ट्रेनों की संख्या बढ़ने से टिकट की वेटिंग कम हो जाएगी।
मौजूदा रेल व्यवस्था में एक परिवर्तन और हुआ है। पटरियों के मिलान के लिए पुराने पैनल इंटरलाकिंग सिस्टम को बदलकर पूरी तरह कंप्यूटराइज्ड कर दिया है। नए पैटर्न के तहत अब रूट रिले इंटरलॉकिंग व्यवस्था लागू हो गई है। पहले जहां भारी भरकम हैंडिल को धकेलना पड़ता था, अब सारा काम बटन दबाने से होगा।
राप्ती-गंगा रोजाना दौड़ेगी
रेल प्रबंधन ने ट्रेन यातायात की दिशा में एक और अहम निर्णय लिया है। महज तीन दिन चलने वाली राप्ती-गंगा एक्सप्रेस अब पूरे सात दिन आवागमन करेगी। दून में पूर्वांचल की आबादी बढ़ने से यह फैसला लिया गया है। इस समय राप्ती-गंगा सप्ताह दो दिन दून से गोरखपुर और एक दिन दून से मुजफ्फरपुर तक चलती है। जल्द यह ट्रेन रोजाना गोरखपुर और मुजफ्फरपुर के लिए चलेगी।