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प्रावि सुरेऊ का संचालन एक ही शिक्षक के भरोसे
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साहिया। कालसी प्रखंड का प्राइमरी स्कूल सुरेऊ बीते एक माह से एक ही शिक्षक के भरोसे संचालित हो रहा है। शिक्षक के अवकाश या फिर सरकारी कामकाज से बाहर जाने पर स्कूल में ताला लटक जाता है, जिसके चलते छात्रों की पढ़ाई पर प्रतिकूल असर पड़ता है। अभिभावकों ने वैकल्पिक व्यवस्था के तहत अन्य स्कूलों में भेजे गए शिक्षकों को वापस स्कूल में भेजने की मांग की है।
अभिभावक सुरेंद्र सिंह चौहान, हुकम सिंह चौहान, सूरत सिंह चौहान, प्रेम सिंह, कुंदन सिंह चौहान का कहना है कि वर्तमान में स्कूल में 20 छात्र अध्ययनरत हैं। चार वर्ष पूर्व स्कूल में चार शिक्षकों की तैनाती की गई थी, लेकिन तीन वर्ष पूर्व दो शिक्षकों को वैकल्पिक व्यवस्था के तहत जूनियर हाईस्कूल ठकरासाधार भेज दिया गया। जबकि, एक शिक्षिका एक माह से अवकाश पर चल रही हैं। ऐसे में छात्रों की पढ़ाई का भार एक शिक्षक पर आ गया है। शिक्षक को ही छात्रों की पढ़ाई से लेकर सरकारी कामकाज तक देखने पड़ रहे हैं, जिसके चलते वह सही ढंग से छात्रों की पढ़ाई पर फोकस नहीं कर पा रहे हैं। कहा कि शिकायत के बाद भी विभाग अन्य स्कूलों में वैकल्पिक व्यवस्था के तहत भेजे गए शिक्षकों को वापस स्कूल नहीं भेज रहा है। इसके अलावा अटैचमेंट समाप्त होने के बाद भी शिक्षकों को वापस नहीं भेजा जा रहा है। कहा यदि विभाग शीघ्र शिक्षक तैनाती नहीं करता तो उन्हें आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा।
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यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है। शीघ्र पूरी जानकारी लेकर कार्रवाई की जाएगी।
- अतर सिंह, खंड शिक्षा अधिकारी, कालसी
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अभिभावक सुरेंद्र सिंह चौहान, हुकम सिंह चौहान, सूरत सिंह चौहान, प्रेम सिंह, कुंदन सिंह चौहान का कहना है कि वर्तमान में स्कूल में 20 छात्र अध्ययनरत हैं। चार वर्ष पूर्व स्कूल में चार शिक्षकों की तैनाती की गई थी, लेकिन तीन वर्ष पूर्व दो शिक्षकों को वैकल्पिक व्यवस्था के तहत जूनियर हाईस्कूल ठकरासाधार भेज दिया गया। जबकि, एक शिक्षिका एक माह से अवकाश पर चल रही हैं। ऐसे में छात्रों की पढ़ाई का भार एक शिक्षक पर आ गया है। शिक्षक को ही छात्रों की पढ़ाई से लेकर सरकारी कामकाज तक देखने पड़ रहे हैं, जिसके चलते वह सही ढंग से छात्रों की पढ़ाई पर फोकस नहीं कर पा रहे हैं। कहा कि शिकायत के बाद भी विभाग अन्य स्कूलों में वैकल्पिक व्यवस्था के तहत भेजे गए शिक्षकों को वापस स्कूल नहीं भेज रहा है। इसके अलावा अटैचमेंट समाप्त होने के बाद भी शिक्षकों को वापस नहीं भेजा जा रहा है। कहा यदि विभाग शीघ्र शिक्षक तैनाती नहीं करता तो उन्हें आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा।
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यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है। शीघ्र पूरी जानकारी लेकर कार्रवाई की जाएगी।
- अतर सिंह, खंड शिक्षा अधिकारी, कालसी