केदारनाथ धाम में बर्फ के ऊपर ही लगाए टेंट, व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने में जुटी टीम
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चारधाम यात्रा बुधवार से शुरू होने वाली है, लेकिन अभी सरकार, शासन समेत तमाम सरकारी विभागों की तैयारियां आधी अधूरी हैं। सबसे अधिक मुसीबत गढ़वाल मंडल विकास निगम (जीएमवीएन) अधिकारियों की है। हालांकि जीएमवीएन महाप्रबंधक की अगुवाई में टीम केदारनाथ धाम पहुंच गई है जो व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने में जुटी है।
जीएमवीएन के महाप्रबंधक बीएल राणा ने बताया कि केदारनाथ धाम में बीते कई दिनों से हो रही बर्फबारी के चलते रसोई की छत तहस नहस हो गई है। रसोई की मरम्मत का काम युद्घ शुरू कर दिया गया है।
धाम में भारी बर्फ जमा होने की वजह से कुछ दिक्कतेें आ रही हैं। इसके अलावा तीर्थयात्रियों को ठहरने के लिए लिनचोली में टेंट लगाए जा रहे हैं। केदारनाथ धाम में फिलहाल 50 टेंट मंगाए गए हैं।
बर्फ नहीं हट पाने की वजह से 15 टेंट बर्फ के ऊपर ही लगाए गए हैं। केदारनाथ धाम बेस कैंप में 25 टेंट लगाए जाएंगे। लिनचोली में 700 तीर्थयात्रियों, बेस कैंप में एक हजार, केदार डांग कॉटेज में 400 तीर्थयात्रियों को ठहरने की व्यवस्था है। महाप्रबंधक ने बताया कि मरम्मत कार्यों के लिए राज्य सरकार से ढाई करोड़ का बजट मांगा गया है। बजट मिलने के साथ ही निर्माण कार्यों में तेजी आएगी।