Uttarakhand; दुर्गम से सुगम में अनिवार्य तबादलों पर शिक्षकों को दुर्गम में बने रहने की छूट, आदेश जारी
तबादलों के बाद कई शिक्षक मनचाही जगह पर सुगम विद्यालय न मिलने पर दुर्गम क्षेत्र में ही बने रहना चाहते हैं। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित समिति की ओर से इस पर सहमति के बाद शिक्षा निदेशालय ने इस संबंध में आदेश जारी किया है।
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प्रदेश के दुर्गम से सुगम क्षेत्र के विद्यालयों में तबादला पाने वाले वे शिक्षक जो दुर्गम में ही बने रहना चाहते हैं। विभाग ने उन्हें दुर्गम में ही बने रहने की सहमति दे दी है। विभाग ने आगामी तबादला सत्र के लिए भी इस तरह की छूट का प्रस्ताव मांगा है। माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीमा जौनसारी ने इस संबंध में आदेश जारी किया है।
शिक्षा विभाग में कई ऐसे शिक्षक हैं। विभाग ने जिनके दुर्गम से सुगम क्षेत्र के विद्यालयों में तबादले किए थे। तबादलों के बाद कई शिक्षक मनचाही जगह पर सुगम विद्यालय न मिलने पर दुर्गम क्षेत्र में ही बने रहना चाहते हैं। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित समिति की ओर से इस पर सहमति के बाद शिक्षा निदेशालय ने इस संबंध में आदेश जारी किया है।
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अपर निदेशक गढ़वाल और कुमाऊं मंडल को दिए आदेश में कहा गया है कि ऐसे शिक्षक जिनका दुर्गम से सुगम के इच्छित विद्यालयों से इतर अन्य विद्यालयों में तबादला हुआ है। यदि वे स्वेच्छा से दुर्गम के पूर्व के विद्यालयों में ही सेवा देना चाहते हैं, तो ऐसे शिक्षकों को उनके पूर्व तैनाती के दुर्गम स्थल पर ही पद खाली होने पर बने रहने दिया जाए। इसके अलावा आगामी तबादला सत्र के लिए भी इस तरह के प्रस्तावों को समिति के सामने प्रस्तुत किया जाए।