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उत्तराखंड में तीन साल में बना यह 'ताज महल'
अमर उजाला, पौड़ी
Updated Fri, 06 Dec 2013 03:56 PM IST
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पौड़ी के राजकीय प्राथमिक विद्यालय चुठाणी में कार्यरत सहायक अध्यापक पंकज सुंदरियाल ने ताज महल बताया है।
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पंकज ने यह महल माचिस की तिल्लियों से तैयार किया। 55 हजार तिल्लियों को जोड़कर बनाया गया ताजमहल तीन साल में बनकर तैयार हुआ।
तिल्लियों से बना रहे ऐतिहासिक मंदिर एवं इमारतें
पौड़ी निवासी पंकज सुंदरियाल पिछले चार साल से माचिस की तिल्लियों को जोड़कर ऐतिहासिक मंदिर एवं इमारतें बना रहे हैं। उन्होंने बताया कि केदारनाथ मंदिर को तैयार करने में उन्होंने 17 हजार माचिस की तिल्लियों का प्रयोग किया है।
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बताया कि तिल्लियों से बना ताजमहल करीब दो फीट लंबा-चौड़ा और दो फीट ऊंचा है। इन दिनों वे बोरगंड नार्वे स्थित चर्च नाने में जुटे हैं।
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सुंदरियाल ने बताया कि तिल्लियों से इमारतों को रूप देने में लगन और समय की जरूरत होती है। उन्होंने बताया कि शिक्षण कार्य के बाद घर में मिलने वाले खाली का समय का उपयोग वे इस कार्य में करते हैं।