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सात सौ करोड़ की स्वजल-2 योजना को मंजूरी
रजा शास्त्री/ अमर उजाला, देहरादून
Updated Fri, 05 Feb 2016 11:33 AM IST
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उत्तराखंड में 702 करोड़ की स्वजल-2 परियोजना को मंजूरी मिल गई है। इस परियोजना के तहत 75 फीसदी अर्द्ध-शहरी क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था की जाएगी। वर्ल्ड बैंक ने इस परियोजना को हरी झंडी दे दी है। पहले चरण में वर्ल्ड बैंक और शासन के अधिकारियों के साथ कार्ययोजना पर चर्चा भी हो गई है।
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बता दें कि प्रथम स्वजल परियोजना 31 दिसंबर, 2015 को समाप्त हो चुकी है। इस योजना के तहत ग्रामीण इलाकों में पेयजल व्यवस्था की गई थी। स्वजल-2 योजना को केंद्र सरकार ने एक साल पहले स्वीकृत किया तो वर्ल्ड बैंक ने नाराजगी जाहिर की और हाथ खींच लिए थे। लेकिन अब वर्ल्ड बैंक ने इसे मंजूरी दे दी है।
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अपर मुख्य सचिव एस. राजू ने बताया कि स्वजल-2 योजना के तहत सिर्फ 25 फीसदी ग्रामीण इलाकों को लिया जाएगा, 75 फीसदी अर्द्ध शहरी क्षेत्र रहेंगे। पहले चरण में देहरादून, हल्द्वानी, पौड़ी, हरिद्वार, पंतनगर और नैनीताल के अर्द्ध शहरी क्षेत्रों को लिया जाएगा। स्वजल-2 को हरी झंडी मिलने के बाद वर्ल्ड बैंक की टीम लीडर स्मित मिश्रा और टी कुरियन ने अपर मुख्य सचिव से स्वजल-2 योजना के संबंध में बुधवार को चर्चा की।
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अपर मुख्य सचिव ने बताया कि स्वजल प्रथम के तहत 12 हजार मजरों को कवर कर लिया गया है, अब अर्द्ध शहरी क्षेत्रों की बारी है। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार की इस योजना को एक साल पहले पास कर देने से वर्ल्ड बैंक ने यह परियोजना रोक दी थी। इस योजना की मंजूरी से प्रदेश के अर्द्ध शहरी क्षेत्रों में पेयजल संकट से निजात मिलने की उम्मीद पैदा हो गई है।