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स्पर्श हिमालय महोत्सव: किरेन रिजिजू बोले- संस्कृति और संविधान की ताकत से हमेशा अखंड रहेगा भारत

Mon, 03 Nov 2025 10:02 PM IST
अलका त्यागी संवाद न्यूज एजेंसी, जौलीग्रांट(देहरादून)
संवाद न्यूज एजेंसी, जौलीग्रांट(देहरादून) Published by: अलका त्यागी Updated Mon, 03 Nov 2025 10:02 PM IST
सार

केंद्रीय संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक मंत्री किरेन रिजिजू ने लेखक गांव थानो में तीन दिवसीय स्पर्श हिमालय महोत्सव के शुभारंभ किया।

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Sparsh Himalaya Mahotsav Kiren Rijiju said  India will always remain united with strength of culture
केंद्रीय संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक मंत्री किरेन रिजिजू - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

केंद्रीय संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि देश के अंदर और बाहर कई ताकतें देश को बरबाद करना चाहती हैं। आजादी के नाम पर कश्मीर और नार्थ ईस्ट को अलग करने की साजिश की जा रही है। देश विरोधी ताकतें नेपाल, श्रीलंका, बांग्लादेश की तरह जनविद्रोह खड़ा करना चाहती है, लेकिन हमारे देश की संस्कृति और संविधान दुनिया से अलग है। इसलिए भारत हमेशा अखंड रहेगा।

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केंद्रीय संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने उक्त बात लेखक गांव थानो में तीन दिवसीय स्पर्श हिमालय महोत्सव के शुभारंभ के दौरान कही। उन्होंने कहा, हर बिंदू पर चर्चा के बाद करीब 2 वर्ष 11 माह में भारत का संविधान बना है। सोवियत संघ सहित कई देश टूट गए, लेकिन भारत मजबूती से खड़ा है। उन्होंने भगवान धन्वंतरि की प्रतिमा का अनावरण भी किया। आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि पतंजलि में 50 हजार वनस्पतियों का पूरा ब्योरा पुस्तक में दिया गया है।
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वहीं, अब भारत का संपूर्ण सही इतिहास लिखने का काम किया जा रहा है। कार्यक्रम को महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज, पूर्व राष्ट्रपति मॉरीशस पृथ्वीराज सिंह रूपन, पद्मभूषण डॉ. अनिल जोशी, प्रो. अनिल सहस्रबुद्धे ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर पद्मश्री कैलाश खेर, डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, डॉ. आरुषि निशंक, विदूषी निशंक आदि उपस्थित रहे। कार्यक्रम में करीब 65 देशों के लेखक, चिंतन, राजनीतिज्ञ और कला क्षेत्र के लोग शामिल हुए।

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