सितारगंज: कोतवाली में सिपाही की पत्नी ने दी आत्मदाह की धमकी, पढ़िए पूरा मामला
- भाजयुमो अध्यक्ष पर हमले का मामला : सिपाही ने संबंध विच्छेद की बात कही तो पत्नी पहुंची कोतवाली
- बोली, मेरे भाई पर आरोप है तो फिर मेरे पति को क्यों किया जा रहा परेशान, जनप्रतिनिधियों ने दिया आश्वासन
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डिग्री कॉलेज परिसर में भाजयुमो के अध्यक्ष पर हुए हमले के मामले में राजनीतिक दबाव के आगे पुलिस अपने सिपाही के परिवार को ही टॉर्चर करने में लगी है। नेताओं और अधिकारियों के दबाव से तनाव में आए सिपाही ने अपनी पत्नी से संबंध विच्छेद की बात कही तो सिपाही की पत्नी अपने तीन बच्चों को लेकर कोतवाली पहुंची और अपनी व्यथा सुनाई।
सिपाही की पत्नी ने कहा कि उसके भाई पर मारपीट का आरोप है तो पुलिस उसे पकड़े ना कि उसके परिवार को परेशान किया जाए। उसने मामले को राष्ट्रीय महिला आयोग में रखने और आत्मदाह की चेतावनी दी। इस पर जनप्रतिनिधियों और कोतवाल ने महिला को उसके परिवार को परेशान न करने का आश्वासन दिया। इसके बाद मामला शांत हुआ।
नौ दिसंबर को राजकीय महाविद्यालय में छात्रों और भाजयुमो अध्यक्ष पक्ष के बीच मारपीट हो गई थी, जिसमें भाजयुमो अध्यक्ष नरेश ठाकुर घायल हो गए थे। पुलिस ने नरेश के भाई की तहरीर पर तीन आरोपियों को नामजद करते हुए पांच-छह अन्य के खिलाफ जानलेवा हमला करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया। इस मामले में बीते शुक्रवार को एक आरोपी सारोज खान के पिता ने भी पुलिस को तहरीर दी है।
घटना में एक आरोपी सिपाही की पत्नी का भाई है
आरोप है कि घटना में एक आरोपी सिपाही की पत्नी का भाई है। कहा जा रहा है कि पुलिस और उच्चाधिकारी सिपाही पर उसे गिरफ्तार कराने का दबाव बनाने लगे। सिपाही का कहना है कि इस मामले में न तो उसकी कोई सिफारिश है और न ही उसे या उसके परिवार का कोई लेनादेना है।
भाजयुमो अध्यक्ष पक्ष के लोगों के सिपाही पर जबरन दबाव बनाने पर शनिवार को उसने पत्नी से ही संबंध विच्छेद करने की ठान ली। इससे परेशान पत्नी अपने तीन बच्चों के साथ कोतवाली पहुंची और कोतवाल सलाहउद्दीन से न्याय की गुहार लगाई। कहा कि उसके दो बच्चे बीमार हैं और अगर कुछ हो गया तो इसके जिम्मेदार नेता या पुलिस होगी।
सभासदों के साथ कोतवाली पहुंचे पालिकाध्यक्ष हरीश दुबे ने कहा कि जब पुलिस ने आरोपियों का नॉन बेलेवल वारंट ले लिया तो उसके परिवार को परेशान करना ठीक नहीं है। कोतवाल और जनप्रतिनिधियों ने महिला को अब उसके परिवार को परेशान न करने का आश्वासन दिया और सिपाही को कोतवाली बुलाकर महिला और उसके बच्चों को उनके साथ भेजा। वहां सभासद रवि रस्तोगी, बीडीसी मृदुल त्रिपाठी, ताहिर मलिक, जिलानी अंसारी, सलीम रिजवी, मुख्त्यार अंसारी, व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय गोयल आदि थे।