दिग्विजय सिंह बोले- राहुल गांधी के नेतृत्व के लिए आतुर हैं देश के युवा
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वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह हरिद्वार पहुंचे। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में देश के युवा और सभी वर्ग जुड़ने को आतुर हैं। एक बार फिर से देश में कांग्रेस पार्टी का परचम लहराएगा। उन्होंने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के राष्ट्रीय प्रवक्ता महंत मोहन दास के लापता होने पर चिंता जताते हुए कहा कि हो सकता है कि प्रॉपर्टी के चलते उनका कोई शिष्य खफा रहा होगा।
कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह बुधवार को हरिद्वार में कनखल स्थित जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी राजराजेश्वराश्रम महाराज से आशीर्वाद लेने पहुंचे थे। पत्रकारों से बातचीत में कांग्रेस महासचिव ने सवाल उठाया है कि शाह यह भी बताएं कि दलितों के विकास के लिए कितनी योजनाएं बनाई और कितनों को लाभ पहुंचाया। भाजपा के नेता धर्म को आगे कर राजनीति करते हैं, कांग्रेस इसकी विरोधी हैं। धर्म राजनीति का मार्गदर्शन करता है, लेकिन अब इसका उल्टा हो गया है, अब धर्म से राजनीति चलाई जा रही है।
उन्होंने कहा किउत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को विफल सीएम बताते हुए उन्होंने कहा कि उनके कार्यकाल में अपराध बढ़ा है। इस दौरान मौजूद कलकीधाम संभल के संस्थापक आचार्य प्रमोद कृष्णम ने महंत मोहनदास को ढूंढने में उत्तराखंड और यूपी सरकार को विफल बताया।
नर्मदा परिक्रमा यात्रा से पहले लिया शंकराचार्य से आशीर्वाद
नर्मदा परिक्रमा यात्रा शुरू करने से पहले कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव दिग्विजय सिंह और कलकीधाम संभल के संस्थापक आचार्य प्रमोद कृष्णम जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी राजराजेश्वराश्रम महाराज से आशीर्वाद लेने और सलाह मशविरा करने पहुंचे।
करीब डेढ़ घंटे की मंत्रणा के बाद दिग्विजय सिंह ने कहा कि जगद्गुरु आश्रम से उनका गहरा जुड़ाव रहा है। वह समय-समय पर आश्रम में आते रहे हैं। उन्होंने कहा कि संतों से विचार-विमर्श करने से ज्ञान मिलता है। यात्रा के संबंध में दिग्विजय सिंह ने कहा कि भाजपा की सरकारें यात्रा के नाम पर करोड़ों रुपये खर्च कर चुकी हैं और ये लोग हेलीकाप्टर से यात्रा करते हैं, लेकिन उनकी नर्मदा परिक्रमा यात्रा पैदल होगी।
जगद्गुरु शंकराचार्य राजराजेश्वराश्रम ने कहा कि दिग्विजय और प्रमोद कृष्णम से कोई राजनीतिक मुलाकात नहीं हुई, बल्कि वह नर्मदा यात्रा से पूर्व आशीर्वाद लेने आए। उन्होंने बताया कि यात्रा दशहरे से शुरू हो जाएगी।