फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Rufous Backed Redstart Bird seen First Time After 132 years In uttarakhand Forest

उत्तराखंड के जंगल में पहली बार नजर आई रूफोस बैक्ड रेडस्टार्ट बर्ड, 132 सालों से नहीं कोई रिकॉर्ड

Sat, 22 Feb 2020 12:30 AM IST
अलका त्यागी भक्त दर्शन पांडेय, अमर उजाला, पिथौरागढ़
भक्त दर्शन पांडेय, अमर उजाला, पिथौरागढ़ Published by: अलका त्यागी Updated Sat, 22 Feb 2020 12:30 AM IST
सार

  • पिछले 132 वर्षों में इस पक्षी का उत्तराखंड में होने का कोई रिकॉर्ड नहीं 

विज्ञापन
Rufous Backed Redstart Bird seen First Time After 132 years In uttarakhand Forest
रूफोस बैक्ड रेडस्टार्ट बर्ड - फोटो : के नारायण/जगदीश नेगी

विस्तार

पक्षियों की दुनिया में उत्तराखंड के साथ एक नई उपलब्धि जुड़ गई है। उत्तराखंड में पक्षियों पर अध्ययन करने वाले दल को पहली बार रूफोस बैक्ड रेडस्टार्ट बर्ड नजर आई है। पिछले 132 वर्षों में इस पक्षी के राज्य के जंगलों में होने का कोई प्रमाण नहीं मिला है। 

विज्ञापन


उत्तराखंड के पारिस्थितिकी विज्ञान शास्त्री के रामनारायण ने बताया कि 17 फरवरी को सीईडीएआर एवं टिटली ट्रस्ट के नेचर गाइड ट्रेनिंग के दौरान मुक्तेश्वर के जंगल में बर्ड वॉचर दल को कुछ दुर्लभ पक्षी नजर आए।
विज्ञापन


इन्हीं पक्षियों के साथ रूफोस बैक्ड रेडस्टार्ट नजर आया। पास ही एक मादा ब्लू फ्रंटेड रेडस्टार्ट भी देखी गई। पहली बार इस नर पक्षी को देखा तो इसका व्यवहार रेडस्टार्ट के विपरीत लग रहा था। गहनता से उसका अध्ययन किया तो इस पक्षी के रूफोस बैक्ड रेडस्टार्ट होने का पुख्ता प्रमाण मिला।

विज्ञापन
विज्ञापन

यह है पक्षी की पहचान 

उन्होंने बताया कि दुर्लभ प्रजाति की यह चिड़िया पिछले 132 सालों में उत्तराखंड में कभी नहीं देखी गई। उन्होंने बताया कि इस चिड़िया को दुनिया भर में 536 बार देखा गया था। भारत में केवल लद्दाख और हिमाचल प्रदेश में ही 22 बार यह पक्षी देखा गया है।

 

यह पहला मौका है जब उत्तराखंड में यह पक्षी नजर आया है। ट्रैकिंग टीम में जगदीश नेगी, बची डंगवाल, विजय दीक्षित रेड्डी, बबीता गलिया, जेनीफर, गोपाल नायल, हरीश गौड़, कमल बिष्ट भी शामिल थे। 

इसकी पहचान है कि इसके पीठ और पंखों पर व्यापक सफेद रेखा, सिर पर चांदी या चमकीला स्लेटी टोपी जैसा नजर आता है। यह पक्षी पेड़ से जमीन की तरफ तेजी से उड़ान भरता है और फिर उसी स्थान पर वापस आ जाता है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed