{"_id":"668c203314dfda27160de323","slug":"rudraprayag-gaurikund-highway-closed-due-to-landslide-boulder-falling-near-doliya-temple-2024-07-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे: डोलिया मंदिर के पास सड़क पर बोल्डर गिरने से रास्ता बंद, दोनों तरफ फंसे यात्री","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे: डोलिया मंदिर के पास सड़क पर बोल्डर गिरने से रास्ता बंद, दोनों तरफ फंसे यात्री
Mon, 08 Jul 2024 10:58 PM IST
अलका त्यागी
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊखीमठ(रुद्रप्रयाग)
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊखीमठ(रुद्रप्रयाग)
Published by: अलका त्यागी
Updated Mon, 08 Jul 2024 10:58 PM IST
सार
डोलिया मंदिर के समीप भूस्खलन व भूधंसाव जोन में पहाड़ी से भारी बोल्डर गिरने से हाईवे बंद हो गया। इस दौरान हाईवे से वाहन नहीं गुजर रहे रहे थे, अन्यथा बड़ा नुकसान हो सकता था।
विज्ञापन
रुद्रप्रयाग गौरीकुंड हाईवे
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे देर शाम से डोलिया मंदिर के समीप बंद है। पहाड़ी से गिरे भारी बोल्डरों से सड़क क्षतिग्रस्त हो गई है। जिससे दोनों तरफ यातायात ठप है। एनएच द्वारा दोनों तरफ से मशीनों की मदद से मलबे को साफ किया जा रहा है, लेकिन पहाड़ी से गिर रहे पत्थरों के कारण दिक्कत हो रही है। हाईवे बंद होने से कई स्थानीय सहित यात्री अपने वाहनों के साथ दोनों तरफ फंसे हुए हैं।
विज्ञापन
सोमवार को शाम चार बजे डोलिया मंदिर के समीप भूस्खलन व भूधंसाव जोन में पहाड़ी से भारी बोल्डर गिर गए। एनएच द्वारा कुछ ही देर में ऑलवेदर रोड परियोजना की कार्यदायी संस्था की मदद से बोल्डर व मलबा को साफ करने का काम शुरू किया गया, पर पहाड़ी से बार-बार गिर रहे पत्थर व मलबा से दिक्कत हो रही है।
विज्ञापन
Uttarakhand Weather: 34 घंटे बंद रहा बदरीनाथ हाईवे, 2000 श्रद्धालु आठ किमी पैदल चलकर पहुंचे धाम
विज्ञापन
स्थानीय निवासी नितिन जमलोकी ने बताया कि प्रभावित क्षेत्र में हाईवे की स्थिति काफी संवेदनशील है। इधर, एनएच के ईई निर्भय सिंह ने बताया कि मशीनों से लगातार मलबा साफ करने के साथ ही ऊपरी तरफ से कटान कर सड़क निर्माण कर वाहनों के संचालन के लिए प्रयास किया जा रहा है।