{"_id":"5270ee6261f6007424e6be4d2dc1a0aa","slug":"promotion-scam-in-hydroelectric-power-corporation","type":"story","status":"publish","title_hn":"जल विद्युत निगम में प्रमोशन घोटाला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जल विद्युत निगम में प्रमोशन घोटाला
अमर उजाला, देहरादून
Updated Fri, 27 Sep 2013 01:00 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
यूजेवीएनएल में बिना बोर्ड ऑफ डायरेक्टर की अनुमति के प्रमोशन कर दिया गया। इस मामले में उत्तरांचल पावर इंजीनियर्स एसोसिएशन ने सामूहिक इस्तीफ की चेतावनी दी है।
विज्ञापन
पढ़ें, अपनी मांगों के लिए मर्यादा भूले माननीय
विज्ञापन
उत्तराखंड जल विद्युत निगम लिमिटेड में 2003 से 2007 के बीच बिना बोर्ड ऑफ डायरेक्टर की अनुमति के जेई के सहायक अभियंता (एई) पद पर प्रमोशन मामले में निगम शिथिलीकरण कर पर्दा डालने की कोशिश में है। लेकिन, इसके विरोध में उत्तरांचल पावर इंजीनियर्स एसोसिएशन मुखर हो गया है।
विज्ञापन
तो होगा आंदोलन
एसोसिएशन का कहना है कि संबंधित जेई को रिवर्ट न किया गया तो आंदोलन करेंगे। उधर, वर्ष 2004 में सीधी भर्ती से नियुक्त 58 एई का कहना है कि उनके अधीन काम कर चुके कई जेई को बोर्ड के फैसले के बाद पदोन्नत कर दिया गया है, जिसके बाद उन्हें इन जेई (अब एई) के अधीन काम करना पड़ेगा।
आरोप लगाया कि नियमों को ताक पर रखकर डिप्लोमाधारी जेई को पदोन्नति दे दी गई। उनका कहना है कि ऐसी स्थिति में उनके लिए निगम में काम करना मुश्किल हो जाएगा। इन एई ने संबंधित जेई को रिवर्ट न करने पर सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी दी है।
फेसबुक पर राय देने के लिए क्लिक करें...